छात्रों की जीत पर रवीना टंडन को गर्व, हिंसा पर बोलीं- गुंडों और राजनीतिक पार्टियों ने हाइजैक किया था
Raveena Tandon Reaction: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के पर रवीना टंडन ने रिएक्ट किया। उन्होंने कहा कि आखिरकार युवाओं की आवाज सुनी गई, लेकिन कुछ राज्यों में छात्र आंदोलन को गुंडों ने हाइजैक कर लिया।
- Written By: सोनाली झा
रवीना टंडन (फोटो सोर्स-सोशल मीडिया)
Raveena Tandon On Student Protest: बॉलीवुड अभिनेत्री रवीना टंडन ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अपनी राय रखी है। उन्होंने छात्रों की जीत पर खुशी और गर्व जताते हुए कहा कि आखिरकार युवाओं की आवाज सुनी गई। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि कुछ राज्यों में शांतिपूर्ण छात्र आंदोलनों को गुंडों और राजनीतिक दलों ने हाइजैक कर लिया था, जिससे आंदोलन की मूल भावना प्रभावित हुई।
रवीना टंडन ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर कुछ तस्वीरें शेयर करते हुए लंबा नोट लिखा। उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात की खुशी है कि छात्रों की आवाज को आखिरकार सुना गया और उनकी मांगों पर कार्रवाई हुई। एक्ट्रेस ने लिखा कि छात्र आंदोलन और ऋषिकेश में हुए प्रदर्शन ने यह उम्मीद जगाई है कि अब लोग अपने अधिकारों और सामाजिक मुद्दों के लिए जागरूक हो रहे हैं।
रवीना टंडन ने कही ये बात
रवीना टंडन ने कहा कि पहले पर्यावरण, वन्यजीव संरक्षण और जंगलों की कटाई जैसे गंभीर मुद्दों पर होने वाले आंदोलन अक्सर बिना किसी ठोस नतीजे के खत्म हो जाते थे, लेकिन अब बदलाव की उम्मीद दिखाई दे रही है। रवीना ने अपने पोस्ट में यह भी कहा कि मिजोरम सहित कई राज्यों में शांतिपूर्ण आंदोलनों ने पॉजिटिव उदाहरण पेश किए, लेकिन कुछ जगहों पर हालात अलग रहे।
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कुछ जगह आंदोलन को हाइजैक कर लिया गया
रवीना के मुताबिक, कुछ राज्यों में छात्र आंदोलन को गुंडों और राजनीतिक पार्टियों ने हाइजैक कर लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग केवल सोशल मीडिया पर रील्स बनाकर सुर्खियां बटोरने के इरादे से आंदोलन का हिस्सा बने। रवीना का मानना है कि हिंसा और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले लोग असली छात्र नहीं थे, बल्कि शरारती तत्व थे जिन्होंने आंदोलन को गलत दिशा में मोड़ने की कोशिश की।
शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की जताई उम्मीद
रवीना टंडन ने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम के बावजूद उन्हें उम्मीद है कि देश की शिक्षा व्यवस्था में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा। उन्होंने सरकारी स्कूलों में भ्रष्टाचार खत्म करने और सभी छात्रों को बेहतर एवं सुलभ शिक्षा उपलब्ध कराने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने लिखा कि आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य के लिए शिक्षा सबसे बड़ा आधार है और इस दिशा में ईमानदारी से काम होना चाहिए।
