शिवाजी महाराज की जयंती पर सितारों का खास संदेश (इमेज-सोशल मीडिया)
Chhatrapati Shivaji Maharaj Jayanti Tribute: आज देशभर में छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती श्रद्धा और गर्व के साथ मनाई जा रही है। 19 फरवरी 1630 को शिवनेरी दुर्ग में जन्मे शिवाजी महाराज ने उस दौर में स्वराज का सपना देखा, जब भारत का बड़ा हिस्सा विदेशी सत्ता के अधीन था। उनके साहस, दूरदर्शिता और अद्भुत युद्धनीति ने इतिहास की दिशा बदल दी। जयंती के अवसर पर फिल्म और टीवी जगत के कई कलाकारों ने उन्हें नमन किया और युवाओं से उनके आदर्शों को अपनाने की अपील की।
बॉलीवुड अभिनेता रितेश देशमुख ने शिव जयंती पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मैं शिव जयंती के मौके पर भगवान शिव के सभी भक्तों को अपनी शुभकामनाएं देता हूं। छत्रपति शिवाजी महाराज हमें हमेशा प्रेरित करते हैं और नई ऊर्जा देते हैं। युवाओं को देश के लिए उनके दिए गए अलग-अलग बलिदानों के बारे में पता होना चाहिए। हम सभी को अच्छा इंसान बनने की कोशिश करनी चाहिए। रितेश के इस संदेश को सोशल मीडिया पर काफी सराहा जा रहा है।
#WATCH | Pune, Maharashtra | Actor Riteish Deshmukh says, “…I extend my best wishes to all the devotees of Lord Shiva on the occasion of Shiv Jayanti. Chhatrapati Shivaji Maharaj continues to inspire us and give us new energy. The youth should be informed about the various… https://t.co/xlX72GeUph pic.twitter.com/VseIIEX0su — ANI (@ANI) February 19, 2026
अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर ने भी एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर शिवाजी महाराज का पोस्टर साझा कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने उनके शौर्य और स्वाभिमान को याद करते हुए मराठी अस्मिता पर गर्व जताया। वहीं टीवी रियलिटी स्टार शिव ठाकरे ने भी फैंस को शिव जयंती की बधाई दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि शिव जयंती के अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं।
“झाले बहु,
होतिल बहु..आहेतहि बहु,
परि यासम हा।” छत्रपती शिवाजी महाराज 🙏🏻🙏🏻🙏🏻
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शिवजयंती ॥ pic.twitter.com/rLf0G3ceTy — Urmila Matondkar (@UrmilaMatondkar) February 18, 2026
इतिहास के पन्नों में दर्ज है कि शिवाजी महाराज की माता राजमाता जीजाबाई ने बचपन से ही उनमें धर्म, नीति और स्वाभिमान के संस्कार डाले। उनके पिता शाहजी भोसले एक वीर योद्धा थे। किशोर अवस्था में ही शिवाजी ने मराठा शक्ति की नींव रखी और ‘गनिमी कावा’ यानी गुरिल्ला युद्धनीति से बड़े-बड़े साम्राज्यों को चुनौती दी। 1674 में रायगढ़ किले पर उनका भव्य राज्याभिषेक हुआ और वे औपचारिक रूप से ‘छत्रपति’ बने। आज भी शिवाजी महाराज का जीवन साहस, नेतृत्व और राष्ट्रभक्ति की मिसाल है।