Nargis fakhri Zakir Khan And Samantha (फोटो क्रेडिट-इंस्टाग्राम)
Nargis Fakhri Zakir Khan And Samantha: ग्लेमर की दुनिया बाहर से जितनी सुनहरी दिखती है, इसके पीछे का तनाव और भागदौड़ उतनी ही थका देने वाली होती है। लगातार 18-18 घंटे की शूटिंग, रातों की नींद हराम, एयरपोट्स के चक्कर और हर वक्त ‘परफेक्ट’ दिखने का दबाव अक्सर सितारों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर भारी पड़ता है। हाल के दिनों में कई बड़े सेलेब्स ने यह साबित किया है कि स्टारडम और करोड़ों के प्रोजेक्ट्स से कहीं ज्यादा कीमती अपनी सेहत है।
चाहे वह स्टैंड-अप कॉमेडी के किंग जाकिर खान हों या साउथ सुपरस्टार सामंथा, इन सितारों ने करियर की ऊंचाइयों पर होते हुए भी ‘ब्रेक’ लेने की हिम्मत दिखाई और दुनिया को संदेश दिया कि रुकना भी प्रगति का ही एक हिस्सा है।
मशहूर कॉमेडियन जाकिर खान ने हाल ही में अपने प्रशंसकों को तब चौंका दिया जब उन्होंने 2030 तक स्टेज से दूर रहने का ऐलान किया। जाकिर ने ईमानदारी से स्वीकार किया कि पिछले एक दशक से लगातार टूर, अनियमित खान-पान और नींद की भारी कमी ने उनकी सेहत को खोखला कर दिया था। उन्होंने महसूस किया कि अब शरीर को रिकवरी के लिए समय देना अनिवार्य है। जाकिर का यह कदम उन युवाओं के लिए एक मिसाल है जो सफलता की होड़ में अपनी सेहत को दांव पर लगा देते हैं।
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फिल्म ‘रॉकस्टार’ से रातों-रात स्टार बनी नरगिस फाखरी ने उस वक्त ब्रेक लिया जब उनका करियर पीक पर था। उन्होंने खुलकर कहा कि इंडस्ट्री का प्रेशर उन्हें मानसिक रूप से तोड़ रहा था और न्यूयॉर्क जाकर परिवार के साथ वक्त बिताना उनकी मजबूरी नहीं, जरूरत थी। वहीं, सामंथा रुथ प्रभु ने ‘मायोसाइटिस’ जैसी दुर्लभ बीमारी से लड़ते हुए काम से दूरी बनाई। उन्होंने दिखाया कि गंभीर स्वास्थ्य चुनौतियों के समय स्टारडम फीका पड़ जाता है और आत्म-देखभाल (Self-care) ही असली जीत है।
‘बिग बॉस ओटीटी 3’ की विजेता सना मकबूल की कहानी भी कम प्रेरक नहीं है। लिवर की गंभीर बीमारी ‘ऑटोइम्यून हेपेटाइटिस’ से जूझते हुए उन्होंने काम से लंबा ब्रेक लिया। जब उनका करियर उड़ान भर रहा था, तब उन्हें अस्पताल के चक्कर काटने पड़े। लेकिन उन्होंने वीगन डाइट और अनुशासित जीवनशैली अपनाकर खुद को फिर से खड़ा किया। ये सभी उदाहरण बताते हैं कि ब्रेक लेना हारना नहीं, बल्कि और अधिक मजबूती के साथ वापस आने की तैयारी करना है।