पेट्रोल पंप, (कॉन्सेप्ट फोटो)
Premium Petrol Price Hike: मिडिल ईस्ट में पिछले 20 दिनों से जारी तनाव के बीच पेट्रोलियम कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में 2.35 रुपये की बढ़ोतरी कर दी है।हालांकि, फिलहाल राहत की बात यह है कि नॉर्मल पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। सामान्य ईंधन पहले के रेट पर ही बिक रहे हैं। ये बढ़ी हुई दरें 20 मार्च की रात से लागू हो जाएंगे। इसके अलावा, औद्योगिक डीजल के ऊपर 22 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है।
ईरान से जुड़े युद्ध जैसे हालात के बीच जहां पहले से ही एलपीजी संकट (LPG Crisis) देखने को मिल रहा है, वहीं दूसरी ओर तेल कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल के दाम (Petrol Price Hike) बढ़ा कर बड़ा झटका दिया है। आज से BPCL का ‘स्पीड’, HPCL का ‘पावर’ और IOCL का ‘एक्सपी95’ जैसे प्रीमियम पेट्रोल के दाम में 2.35 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है।
आईओसीएल के कुछ आउटलेट्स पर XP95 पेट्रोल फिलहाल 101.80 रुपये प्रति लीटर की दर से बेचा जा रहा है। कुछ जगहों पर पहले प्रीमियम पेट्रोल की कीमत 111.68 रुपये प्रति लीटर थी, जो अब बढ़कर 113.77 रुपये प्रति लीटर हो गई है। इस बढ़ोतरी के बाद उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में पेट्रोल की कीमत 103.92 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई है, जबकि पुणे में प्रीमियम पेट्रोल 113.17 रुपये प्रति लीटर पर बेचा जा रहा है।
तेल कंपनियों द्वारा प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी का असर नॉर्मल पेट्रोल की कीमतों पर नहीं होगा। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आज सामान्य पेट्रोल 94.77 रुपये प्रति लीटर, गुजरात- 94.49, हरियाणा 95.91, पश्चिम बंगाल 106.72, झारखंड 98.38 रुपये, केरल, 106.08 रुपये लीटर बिक रहे हैं।
देश में प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में यह इजाफा ऐसे समय पर किया गया है, जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच चुकी है। वहीं, एलपीजी संकट पहले से ही बना हुआ है। ऐसे में कच्चे तेल की कीमतों में इस उछाल का सीधा असर आम लोगों की जेब पर पड़ेगा और महंगाई पर दबाव और बढ़ सकता है।
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अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों का यह तीसरा सप्ताह है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार दावा करते रहे हैं कि यह युद्ध जल्द समाप्त हो जाएगा, लेकिन मौजूदा हालात इसके विपरीत संकेत दे रहे हैं। ईरान के शीर्ष कमांडरों के मारे जाने के बावजूद तेहरान जिस तरह से जवाबी हमले कर रहा है, उससे यह स्पष्ट है कि इस संघर्ष के जल्द खत्म होने की संभावना फिलहाल नजर नहीं आ रही है।