- Hindi News »
- Bihar »
- Parsa Vidhansabha Seat Yadav Dominance Rai Family Influence Intact
बिहार चुनाव 2025: परसा सीट पर यादव वर्चस्व, राय परिवार का प्रभाव बरकरार
Bihar Assembly Elections: परसा विधानसभा क्षेत्र बिहार की राजनीति में एक विशिष्ट स्थान रखता है। परसा विधानसभा सीट पर अब तक 18 बार चुनाव हो चुके हैं। परसा क्षेत्र मुख्यतः कृषि पर आधारित है।
- Written By: आकाश मसने

परसा विधानसभा सीट (डिजाइन फोटो)
Parsa Vidhansabha Seat Profile: सारण जिले में स्थित परसा विधानसभा क्षेत्र बिहार की राजनीति में एक विशिष्ट स्थान रखता है। यह क्षेत्र न केवल चुनावी परिणामों के लिए, बल्कि अपने सामाजिक और सांस्कृतिक प्रभाव के लिए भी जाना जाता है। गंगा नदी के किनारे बसे परसा का बाजार स्थानीय व्यापार का केंद्र है, जबकि गंगा घाट धार्मिक अनुष्ठानों और स्नान के लिए प्रसिद्ध है। प्रशासनिक रूप से यह एक सामुदायिक विकास खंड है, जो गंडक नदी से मात्र 7 किलोमीटर दूर स्थित है।
कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था का आधार
परसा क्षेत्र मुख्यतः कृषि पर आधारित है। यहां धान, गेहूं, मक्का, दाल और केले की खेती प्रमुख है। इसके साथ ही डेयरी और पोल्ट्री जैसे सहायक व्यवसाय ग्रामीणों को अतिरिक्त आय प्रदान करते हैं। एकमा सबडिवीजन मुख्यालय यहां से 7 किलोमीटर, छपरा जिला मुख्यालय 42 किलोमीटर और पटना 60 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है, जिससे क्षेत्रीय संपर्क बना रहता है।
राजनीतिक इतिहास और यादव वर्चस्व
परसा विधानसभा सीट पर अब तक 18 बार चुनाव हो चुके हैं, लेकिन एक बात हमेशा स्थिर रही- यहां से कभी भी गैर-यादव उम्मीदवार विजयी नहीं हुआ। यहां की जनता की जातीय निष्ठा इतनी गहरी है कि नेता चाहे दल बदलें, जनता का समर्थन उन्हें मिलता रहता है। भाजपा का इस सीट पर कभी खाता नहीं खुला और कांग्रेस भी 1985 के बाद से जीत दर्ज नहीं कर सकी।
सम्बंधित ख़बरें
Bihar में सिस्टम फेल? डिप्टी सीएम के सामने फूट-फूटकर रोया फौजी
नालंदा भगदड़ में मासूम बच्ची की मौत पर भड़के पप्पू यादव, सिस्टम की विफलता पर उठाए सवाल, सरकार को दी चेतावनी
‘बबुआ’ पड़ा भारी, झुक गए चाचा! पशुपति पारस ने चिराग से हाथ मिलाने के दिए संकेत; CM नीतीश पर भी तोड़ी चुप्पी
खेसारी लाल यादव के शो में भारी बवाल! मंच पर चले जूते-चप्पल, पुलिस को करना पड़ा लाठीचार्ज, देखें VIDEO
दरोगा प्रसाद राय की विरासत
1952 में हुए पहले चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर दरोगा प्रसाद राय को जनता ने चुना। इसके बाद लगातार सात चुनावों तक उन्होंने जनता का विश्वास बनाए रखा। 1977 में जनता पार्टी के रामानंद प्रसाद यादव ने पहली बार बदलाव लाया, लेकिन यादव समुदाय से ही होने के कारण जातीय समीकरण नहीं बदले।
चंद्रिका राय का राजनीतिक सफर
1985 में जनता ने फिर से दरोगा प्रसाद राय के परिवार को समर्थन दिया। उनके बेटे चंद्रिका राय ने पिता की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाया और लगातार पांच विधानसभा चुनावों में जीत हासिल की। उन्होंने समय के साथ राजनीतिक दल बदले, लेकिन जनता का समर्थन बना रहा। 2015 में उन्हें छठी बार जीत मिली थी।
राजद से दूरी और चुनावी झटका
चंद्रिका राय की बेटी ऐश्वर्या राय की शादी लालू प्रसाद यादव के बेटे तेज प्रताप यादव से हुई थी, लेकिन यह रिश्ता ज्यादा समय तक नहीं चला। इसके बाद चंद्रिका राय ने राजद से इस्तीफा दे दिया और अगले चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा। यह घटना परसा की राजनीति में एक भावनात्मक मोड़ साबित हुई।
यह भी पढ़ें:- अमनौर विधानसभा सीट : राजीव प्रताप रूडी के प्रभाव वाले इलाके में राजनीति, कृषि और संस्कृति का संगम
जातीय निष्ठा का अडिग प्रभाव
परसा विधानसभा क्षेत्र की सबसे अहम विशेषता यह है कि यहां से आज तक कोई भी गैर-यादव उम्मीदवार जीत नहीं सका है। चाहे दल कोई भी हो, जनता का समर्थन यादव समुदाय के उम्मीदवारों को ही मिलता रहा है। यह जातीय निष्ठा परसा की राजनीति की दिशा तय करती है।
2025 में क्या बदलेगा समीकरण?
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में परसा सीट पर फिर से यादव उम्मीदवारों के बीच मुकाबला तय माना जा रहा है। सवाल यह है कि क्या इस बार कोई नया चेहरा राय परिवार की विरासत को चुनौती देगा या फिर जातीय निष्ठा एक बार फिर अपना असर दिखाएगी। परसा की जनता का फैसला पूरे राज्य की राजनीति के लिए संकेत बन सकता है।
Parsa vidhansabha seat yadav dominance rai family influence intact
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
लेटेस्ट न्यूज़
Revenue Department Vacancy: महाराष्ट्र में 35,876 पद खाली, चंद्रशेखर बावनकुले ने किया बड़ा ऐलान
Apr 04, 2026 | 12:26 PMस्टारडम नहीं बना दीवार, अभिषेक बच्चन ने खोला रिश्ते का राज, क्यों नहीं हुई ऐश्वर्या राय से इनसिक्योरिटी
Apr 04, 2026 | 12:24 PMनासिक कुंभ से पहले एआई सुरक्षा पर सवाल, सांसद वाजे ने जताया साइबर खतरा; लोकसभा में गूंजा मुद्दा
Apr 04, 2026 | 12:23 PMShaktipeeth Expressway का नया रूट मैप जारी: 95% बदल गया रास्ता, जानें आपके जिले और गांव से गुजरेगा या नहीं
Apr 04, 2026 | 12:22 PMघायल कुत्ते को पीठ पर उठाकर पहाड़ चढ़ा शख्स, वायरल वीडियो ने छुआ दिल
Apr 04, 2026 | 12:21 PMYoga Poses For Period Pain: पीरियड्स के दर्द और ऐंठन से चाहिए तुरंत राहत? ये 6 योगासन से दूर होगी सारी थकान
Apr 04, 2026 | 12:19 PMBhandara: 580 में से 306 सड़कें तैयार, 420 नए कामों से चमकेगी गांवों की सूरत; जानें खेत सड़क योजना का ब्योरा
Apr 04, 2026 | 12:13 PMवीडियो गैलरी

मस्जिद के वजू खाने की छत पर चढ़कर लहराया भगवा, शोभा यात्रा के दौरान तुगलकाबाद में मचा बवाल
Apr 03, 2026 | 10:27 PM
AAP में छिड़ा गृहयुद्ध! आतिशी ने राघव चड्ढा को घेरा, बोलीं- क्या आप मोदी से डरकर लंदन भाग गए थे- VIDEO
Apr 03, 2026 | 10:24 PM
दिल्ली AIIMS में VIP कल्चर! 3 साल से धक्के खा रही महिला का वीडियो वायरल, बोली- यह गरीबों के लिए नहीं
Apr 03, 2026 | 10:20 PM
Bihar में सिस्टम फेल? डिप्टी सीएम के सामने फूट-फूटकर रोया फौजी
Apr 03, 2026 | 10:17 PM
योगी सरकार में घूसखोरी नहीं चलेगी, सलोन विधायक अशोक कोरी ने बीच सभा में एसडीओ की लगाई क्लास; वीडियो वायरल
Apr 03, 2026 | 10:13 PM
नालंदा भगदड़ में मासूम बच्ची की मौत पर भड़के पप्पू यादव, सिस्टम की विफलता पर उठाए सवाल, सरकार को दी चेतावनी
Apr 03, 2026 | 01:54 PM












