NDA में चिराग की ‘बगावत’ तो RJD के ऑफर से ‘INDIA’ में खलबली; बिहार में सीट शेयरिंग पर सियासी संग्राम
Bihar Assembly Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के नामांकन के लिए केवल 10 दिन का समय बचा है और दोनों तरफ के गठबंधन के राजनीतिक दलों के बीच सीट शेयरिंग को लेकर घमासान मचा हुआ है।
- Written By: सौरभ शर्मा
पटना में बिहार विधानसभा चुनाव से पहले एक कलाकार मतदाताओं को मतदान के लिए प्रेरित करने वाला चित्र बनाता हुआ (फोटो- सोशल मीडिया)
Bihar Elections Seat Sharing Tussle: बिहार में विधानसभा चुनाव का बिगुल बजते ही राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। एनडीए और इंडिया, दोनों गठबंधनों में सीट बंटवारे को अंतिम रूप देने के लिए बैठकों का दौर जारी है। पहले चरण के नामांकन के लिए केवल 10 दिन बचे हैं, ऐसे में दोनों खेमों में छोटे दलों की आखिरी समय की मांगों ने बातचीत में पेंच फंसा दिया है। इस सियासी खींचतान के बीच, सभी की नजरें इस पर टिकी हैं कि कौन सा गठबंधन अपने सहयोगियों को साधने में कामयाब होता है।
एनडीए में जहां बड़े सहयोगी जेडीयू और बीजेपी के बीच सीटों का फॉर्मूला लगभग तय माना जा रहा है, वहीं छोटे दलों ने अपनी मांगों से टेंशन बढ़ा दी है। सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान की पार्टी लोजपा (रामविलास) अब 20-22 सीटों से बढ़कर 15 और सीटों की मांग कर रही है। वहीं, जीतन राम मांझी की ‘हम’ 15 और उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी 10 सीटों पर दावा कर रही है। चिराग पासवान के प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी से भी संपर्क में होने की खबरें हैं, जिससे अटकलों का बाजार और गर्म हो गया है।
RJD के फॉर्मूले पर कांग्रेस-लेफ्ट नाखुश
इंडिया गठबंधन में भी हालात कुछ ऐसे ही हैं। यहां राष्ट्रीय जनता दल (RJD) सीट बंटवारे में मुख्य भूमिका निभा रही है और खुद 135-140 सीटों पर लड़ने की तैयारी में है। आरजेडी ने कांग्रेस को 50-52 सीटों की पेशकश की है, जबकि कांग्रेस 70 सीटों की मांग पर अड़ी थी। हालांकि, कांग्रेस नेता किशोर कुमार झा ने कहा कि लक्ष्य जीतना ज्यादा महत्वपूर्ण है। वहीं, 2020 में शानदार प्रदर्शन करने वाली सीपीआई (एमएल) 40 सीटों की मांग कर रही है, लेकिन उसे 20-25 सीटें ही ऑफर की जा रही हैं, जिससे पार्टी में नाराजगी है। मुकेश सहनी की वीआईपी ने साफ किया है कि वह गठबंधन में ही रहेंगे और उनका लक्ष्य बीजेपी को हराना है।
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अकेले लड़कर सबका खेल बिगाड़ेंगे प्रशांत किशोर?
इस पूरे सियासी घमासान के बीच रणनीतिकार से नेता बने प्रशांत किशोर ने अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। उनकी जन सुराज पार्टी सभी सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी और प्रशांत किशोर खुद भी चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी गुरुवार को उम्मीदवारों की सूची जारी कर देगी, जिसमें कई चौंकाने वाले नाम होंगे। प्रशांत किशोर की एंट्री ने इस चुनाव को और भी दिलचस्प बना दिया है, क्योंकि कई सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल सकता है और वे ‘किंगमेकर’ की भूमिका निभा सकते हैं।
