Car Tyre (Source. Pixabay)
Car Tyre Guide: अक्सर जब हम अपनी कार या बाइक के टायर को ध्यान से देखते हैं, तो उस पर कई तरह के नंबर और अक्षर लिखे होते हैं। ज्यादातर लोग इन्हें नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन सच यह है कि ये छोटे-छोटे कोड आपकी गाड़ी के लिए बेहद अहम जानकारी छिपाए रखते हैं। इनकी मदद से आप टायर का साइज, उसकी मजबूती, सुरक्षित स्पीड और यह किस तरह की गाड़ी के लिए बना है सब कुछ आसानी से समझ सकते हैं।
जब आप टायर बदलवाने जाते हैं, तो मैकेनिक भी इन्हीं नंबरों के आधार पर सही टायर चुनता है। ऐसे में अगर आप खुद इनका मतलब समझ लें, तो न सिर्फ गलत टायर लगने से बचेंगे बल्कि अपनी गाड़ी की परफॉर्मेंस भी बेहतर रख पाएंगे।
टायर पर लिखा पहला नंबर उसकी चौड़ाई को दर्शाता है, जिसे सेक्शन विड्थ कहा जाता है। उदाहरण के लिए, अगर टायर पर 195 लिखा है, तो इसका मतलब है कि उसकी चौड़ाई 195 मिलीमीटर है। चौड़े टायर सड़क पर ज्यादा पकड़ (ग्रिप) देते हैं, इसलिए स्पोर्ट्स गाड़ियों में इनका ज्यादा इस्तेमाल होता है।
चौड़ाई के बाद आने वाला नंबर, जैसे 55, टायर की ऊंचाई को दर्शाता है। इसे एस्पेक्ट रेशियो कहते हैं। अगर टायर 195/55 है, तो इसका मतलब है कि उसकी ऊंचाई उसकी चौड़ाई का 55 प्रतिशत है। कम एस्पेक्ट रेशियो वाले टायर बेहतर कंट्रोल और स्टाइलिश लुक देते हैं।
टायर पर R, B या D जैसे अक्षर भी लिखे होते हैं। R का मतलब रेडियल टायर, B का मतलब क्रॉस प्लाई और D का मतलब डायगोनल टायर होता है। आजकल ज्यादातर गाड़ियों में रेडियल टायर का इस्तेमाल होता है, क्योंकि ये ज्यादा टिकाऊ और आरामदायक होते हैं।
इसके बाद लिखा नंबर, जैसे 16 या 18, रिम का साइज बताता है। यह इंच में होता है। उदाहरण के लिए, R16 का मतलब है कि यह टायर 16 इंच के रिम पर फिट होगा।
टायर पर लिखा 87 या 88 जैसे नंबर लोड इंडेक्स होते हैं। यह बताते हैं कि एक टायर कितना वजन उठा सकता है। जैसे 87 का मतलब लगभग 545 किलो और 88 का मतलब करीब 560 किलो प्रति टायर होता है।
सबसे आखिर में V, H या S जैसे अक्षर होते हैं, जिन्हें स्पीड रेटिंग कहा जाता है। यह बताता है कि टायर अधिकतम कितनी स्पीड तक सुरक्षित है। जैसे V का मतलब 240 किमी/घंटा, H का मतलब 210 किमी/घंटा और S का मतलब 180 किमी/घंटा होता है।
ये भी पढ़े: बार-बार आने वाले स्पैम कॉल से टेंशन खत्म, अब बिना परेशान हुए तुरंत करें ब्लॉक, जानिए आसान तरीका
टायर पर एरो (Arrow) का निशान सही दिशा में टायर लगाने के लिए होता है। वहीं P, LT, ST और T जैसे अक्षर बताते हैं कि टायर किस प्रकार की गाड़ी के लिए बना है P (पैसेंजर कार), LT (हल्के ट्रक), ST (ट्रेलर) और T (अस्थायी टायर/स्टेपनी)।
टायर पर लिखे ये नंबर और अक्षर आपकी गाड़ी की सुरक्षा और परफॉर्मेंस से सीधे जुड़े होते हैं। अगर आप इन्हें समझ लेते हैं, तो सही टायर चुनना आसान हो जाता है और बेवजह खर्च से भी बचा जा सकता है।