

नवभारत ऑटोमोबाइल डेस्क: गाड़ी का इंजन उसकी जान होता है। अगर इसमें कोई खराबी आती है, तो गाड़ी चलाना मुश्किल हो जाता है। इंजन ठीक करवाने में होने वाला खर्च और मैकेनिक द्वारा दी गई जानकारी को लेकर अक्सर गाड़ी मालिक परेशान रहते हैं। ऐसे में आपको यह जानना जरूरी है कि इंजन की समस्या में क्या कदम उठाएं।
इंजन के दो मुख्य हिस्से होते हैं:
अगर मैकेनिक कहे कि इंजन में समस्या है, तो उससे साफ पूछें कि खराबी ब्लॉक में है या हेड में।
छोटी मरम्मत: यदि इंजन ब्लॉक या सिलेंडर हेड में दरार है, तो इसे वेल्डिंग या कोल्ड-स्टिच की मदद से ठीक किया जा सकता है।
अगर गाड़ी लंबे समय तक चलानी है, तो इंजन ओवरहाल करवाना बेहतर है।
यदि इंजन बदलने की लागत बहुत अधिक हो, तो गाड़ी की स्थिति देखकर नई कार खरीदने का फैसला करें। पुरानी गाड़ी को एक्सचेंज करके नई कार लेना बेहतर विकल्प हो सकता है।