Trump Iran Warning Military Action: वाशिंगटन और तेहरान के बीच बढ़ता तनाव अब एक निर्णायक और खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को सोशल मीडिया पर पश्चिम एशिया का एक नक्शा शेयर कर दुनिया भर में हलचल पैदा कर दी है।
इस नक्शे पर अमेरिकी झंडे के साथ कई दिशाओं से ईरान की ओर इशारा करते हुए लाल रंग के तीर दिखाए गए हैं, जिसे विशेषज्ञों द्वारा एक सीधे सैन्य संकेत के रूप में देखा जा रहा है। यह पोस्ट राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा ईरान को दी गई उस चेतावनी के तुरंत बाद आई है, जिसमें उन्होंने कहा था कि अमेरिका समर्थित शांति प्रस्ताव को स्वीकार करने के लिए ईरान के पास समय बहुत कम बचा है।
रविवार को राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर ईरान के नेतृत्व को एक बेहद तीखा और स्पष्ट संदेश दिया। उन्होंने लिखा कि ईरान के लिए घड़ी टिक-टिक कर रही है, और बेहतर होगा कि वे तेजी से कदम उठाएं, अन्यथा उनका कुछ भी नामोनिशान नहीं बचेगा। समय बहुत कम है! ट्रंप के इस बयान ने उन अटकलों को और तेज कर दिया है कि अमेरिका और इजरायल मिलकर ईरान के खिलाफ किसी बड़ी सैन्य कार्रवाई की तैयारी कर रहे हैं।
राष्ट्रपति ट्रंप की यह बयानबाजी इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ हुई उच्च स्तरीय बातचीत के बाद सामने आई है। नेतन्याहू ने पुष्टि की है कि ट्रंप की हालिया चीन यात्रा के बाद दोनों नेताओं के बीच ईरान के मुद्दे पर विस्तार से चर्चा हुई।
गौर करने वाली बात यह है कि यह संघर्ष इसी साल 28 फरवरी को तब शुरू हुआ था। जब अमेरिका और इजरायल ने मिलकर ईरान के भीतर सैन्य हमले किए थे। वर्तमान में दोनों देशों के बीच 8 अप्रैल से एक बेहद नाजुक युद्धविराम कायम है लेकिन बयानबाजी और पोस्ट संकेत दे रहे हैं कि यह शांति किसी भी वक्त टूट सकती है।
शांति बहाली के लिए चल रही कूटनीतिक कोशिशें अब नाकाम होती नजर आ रही हैं। सोमवार को ईरानी मीडिया और 'फार्स' न्यूज एजेंसी ने दावा किया कि वाशिंगटन के साथ हुई वार्ताओं में ईरान को कोई भी सार्थक रियायत नहीं दी गई है।
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रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने ईरान के सामने एक पांच-सूत्रीय प्रस्ताव रखा था। जिसमें बेहद कड़ी शर्तें शामिल थीं। इन शर्तों में यह मांग की गई थी कि ईरान को केवल एक चालू परमाणु केंद्र रखने की अनुमति दी जाएगी और उसे अपने उच्च संवर्धित यूरेनियम का पूरा भंडार अमेरिका को सौंपना होगा।