चीन का नया ड्रोन, फोटो (सो. सोशल मीडिया) 
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अब मच्‍छर भी लड़ेंगे जंग! चीन की चाल से कांप उठी दुनिया, मच सकती है भारी तबाही

चीन ने मच्छर जितना छोटा और आकृति में समान एक नया ड्रोन तैयार किया है, जिसका प्रयोग युद्ध के दौरान किया जा सकता है। रक्षा विशेषज्ञों ने इसके संभावित खतरों को लेकर चिंता व्यक्त की है और चेतावनी दी है...

अमन उपाध्याय

बीजिंग: चीन लगातार अपनी सैन्य क्षमता को मजबूत करने में जुटा हुआ है। इसी दिशा में एक नया कदम उठाते हुए चीनी वैज्ञानिकों ने एक अत्याधुनिक सैन्य ड्रोन विकसित किया है, जिसका आकार एक मच्छर जितना छोटा है। यह मच्छरनुमा ड्रोन युद्धक्षेत्र में बड़े पैमाने पर विध्वंस मचाने में सक्षम है। इसकी खासियत यह है कि इसका उपयोग न केवल निगरानी (सर्विलांस) के लिए किया जा सकता है, बल्कि यह गुप्त मिशन को भी सफलतापूर्वक अंजाम दे सकता है।

चीनी वैज्ञानिकों ने सैन्य उद्देश्यों के लिए मच्छर के आकार का एक अत्यंत छोटा ड्रोन विकसित किया है। यह जानकारी साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट (SCMP) की एक रिपोर्ट में सामने आई है। इस माइक्रो ड्रोन को नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ डिफेंस टेक्नोलॉजी (NUDT) की रोबोटिक्स लैब द्वारा तैयार किया गया है, जो चीन के हुनान प्रांत में स्थित है।

सैन्य और अन्य मिशनों के लिए उपयोगी

माइक्रो ड्रोन आकार में बेहद छोटे और हल्के होते हैं। इनका उपयोग न केवल सैन्य और रक्षा क्षेत्र में, बल्कि विभिन्न अन्य अनुप्रयोगों में भी किया जा सकता है। यह तकनीक भविष्य में सुरक्षा, निगरानी और अन्य क्षेत्रों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।

चीन की सरकारी मीडिया ने हाल ही में एक वीडियो जारी किया है, जिसमें वैज्ञानिकों को मच्छर जैसे दिखने वाले रोबोट पकड़े हुए दिखाया गया है। इन रोबोट्स के बारे में कहा जा रहा है कि ये विभिन्न सैन्य और अन्य मिशनों के लिए उपयोगी साबित होंगे। हालांकि, विशेषज्ञों का मत है कि इस तरह के ड्रोन का उपयोग गोपनीय बातचीत को रिकॉर्ड करने, लोगों पर नजर रखने या उनके पासवर्ड चुराने जैसे गैर-कानूनी कार्यों के लिए भी किया जा सकता है।

गुप्त रूप से निगरानी करने में सक्षम

रिपोर्ट की मानें तो ए छोटे ड्रोन सैन्य अभियानों के लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकते हैं, क्योंकि ये बिना किसी को पता चले गुप्त रूप से निगरानी करने में सक्षम हैं। आपदा के समय इनका उपयोग जान बचाने में भी किया जा सकता है, जैसे कि लापता या फंसे हुए लोगों का पता लगाने में। ये मलबे के नीचे दबे लोगों को ढूंढने में भी सहायक हो सकते हैं। इसके अलावा, माइक्रोड्रोन को हवा और पानी की गुणवत्ता जैसी पर्यावरणीय स्थितियों की जांच के लिए सेंसर के साथ भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

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