महुआ मोइत्रा  (सोर्स- सोशल मीडिया)
पश्चिम बंगाल

महुआ मोइत्रा की बढ़ी मुश्किलें! नदिया कोर्ट ने जारी किया गिरफ्तारी वारंट, जानें पूरा मामला

Mahua Moitra Arrest Warrant: नदिया की कृष्णानगर अदालत ने समन के बावजूद पेश न होने पर TMC सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। मामला शिकायत और कई BNS धाराओं से जुड़ा है।

अर्पित शुक्ला

Mahua Moitra Arrest Warrant Nadia Case: तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है। एक शिकायत मामले में कृष्णानगर की तृतीय न्यायिक मजिस्ट्रेट अदालत ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। नदिया जिला पुलिस अधीक्षक अतुल वी. ने इस बात की पुष्टि की है कि महुआ मोइत्रा के खिलाफ वारंट जारी किया गया है।

पुलिस अधीक्षक के अनुसार, यह मामला भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 227 के तहत दायर शिकायत मामले से जुड़ा है। अदालत ने शिकायत की सुनवाई के दौरान महुआ मोइत्रा को कई बार समन जारी किया था।

किन धाराओं में केस दर्ज किया गया?

हालांकि, निर्धारित प्रक्रिया के तहत समन के बाद भी अदालत में उपस्थिति नहीं होने पर अब न्यायालय ने उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी करने का आदेश दिया है। पुलिस के अनुसार, शिकायत मामले में महुआ मोइत्रा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की कई धाराएं लगाई गई हैं, जिसमें धारा 79: महिला की मर्यादा का अपमान करना, धारा 196: विभिन्न समूहों के बीच वैमनस्य को बढ़ावा देना, धारा 299: धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के उद्देश्य से किए गए जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कृत्य, धारा 351: आपराधिक धमकी, धारा 353(2): सार्वजनिक अशांति फैलाने या लोक व्यवस्था प्रभावित करने वाले बयान देना अथवा उनका प्रसार करना शामिल हैं।

क्या कहा नादिया पुलिस ने?

नदिया जिला पुलिस अधीक्षक अतुल वी. ने कहा कि शिकायत मामले में अदालत की ओर से निर्धारित कानूनी प्रक्रिया का पालन किया गया है और उसी के तहत यह वारंट जारी किया गया है। इससे पहले तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने नदिया प्रशासन पर अपमानजानक आचरण का आरोप लगाए था।

इस मामले को लेकर महुआ मोइत्रा ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के समक्ष नादिया जिले के तीन वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ विशेषाधिकार नोटिस दायर किया है, जिसमें उन्होंने संसदीय प्रोटोकॉल के उल्लंघन और "अपमानजनक आचरण" का आरोप लगाया है।

क्या है पूरा मामला?

घटना 14 अगस्त की है। विवाद और टकराव की स्थिति प्रशासन की तरफ से देर रात नादिया सर्किट हाउस खाली करने के लिए कहे जाने के बाद हुई। महुआ मोइत्रा का कहना है कि वह 14 अगस्त को शाम करीब 6.15 बजे सर्किट हाउस पहुंचीं और उन्हें उनका नियमित कमरा दिया गया, जहां चाय और भोजन परोसा गया।

उन्होंने दावा किया कि रात 9.47 बजे अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट ने उन्हें फोन करके परिसर खाली करने को कहा और कथित तौर पर कहा कि निर्देश "ऊपर से" आए हैं। इसके बाद डिप्टी कलेक्टर का व्हाट्सएप संदेश आया, जिसमें 12 अगस्त का एक आदेश था जिसमें रखरखाव और सफाई कार्य का हवाला दिया गया था। -एजेंसी इनपुट के साथ

आज की ताजा खबर 19 अगस्त LIVE: हिरासत में लिए गए तेजस्वी यादव को छोड़ा गया; पटना में छात्रों पर चलाई वॉटर कैनन

29 साल का गैंगस्टर, अमेरिका में केस और गिरफ्तारी वारंट...कौन है FBI के निशाने पर आया पंजाब का मेजर सिंह?

इंसानी दखल से हुई चूक...NEET पेपर लीक मामले में सरकार ने SC में रखा अपना पक्ष, कहा- फुलप्रूफ है NTA का सिस्टम

तमिलनाडु विधानसभा में अचानक गाना गाने लगीं महिला विधायक, रिएक्शन देखकर शरमा गए सीएम विजय, VIDEO वायरल

राजनीति की सफाई का सुपर फॉर्मूला, 1 साल में होगा दागी नेताओं के केस का फैसला, सुप्रीम कोर्ट में आया बड़ा सुझाव