अव्यवस्थाओं और नियमों की अनदेखी से भड़के धावक
प्रतिभागियों ने भाजपा नेता को दौड़ाया
हंगामे के बाद कोतवाली परिसर में बांटे गए विजेताओं को पुरस्कार
Prayagraj Unity Run: प्रयागराज के नैनी में शनिवार को आयोजित रन फॉर यूनिटी मैराथन अव्यवस्थाओं के चलते हंगामे में तब्दील हो गई। दौड़ के आयोजन में निर्धारित नियमों और व्यवस्थाओं का पालन नहीं होने से नाराज प्रतिभागियों ने जमकर विरोध किया। देखते ही देखते कार्यक्रम स्थल पर अफरातफरी मच गई। आक्रोशित प्रतिभागियों ने वहां रखी दर्जनों कुर्सियां तोड़ दीं। इस दौरान प्रतिभागियों के बीच भी धक्का-मुक्की और भिड़ंत हुई। हालात बिगड़ने पर पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।
जानकारी के मुताबिक, मैराथन में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में प्रतिभागियों ने पहले से पंजीकरण कराया था। आरोप है कि आयोजन के दौरान दौड़ शुरू कराने की निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। प्रतिभागियों का कहना था कि बिना विधिवत प्रक्रिया पूरी किए और झंडी दिखाए ही दौड़ शुरू करा दी गई। इससे धावकों में नाराजगी फैल गई। उन्होंने आयोजकों के खिलाफ विरोध जताना शुरू कर दिया। देखते ही देखते विरोध हंगामे में बदल गया।
हंगामे के दौरान आक्रोशित प्रतिभागियों ने आयोजकों के साथ प्रयागराज पुलिस की गाड़ियों को भी घेर लिया। इसी बीच भाजपा नेता देवी सिंह को भी प्रतिभागियों के विरोध का सामना करना पड़ा। आक्रोशित लोगों ने उन्हें दौड़ा लिया। स्थिति बिगड़ती देख पुलिसकर्मियों ने किसी तरह उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। कार्यक्रम स्थल पर काफी देर तक अफरातफरी का माहौल बना रहा। आयोजकों को भीड़ को संभालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
कार्यक्रम के दौरान कुर्सियां तोड़े जाने और हंगामे के बाद आयोजन का माहौल पूरी तरह बदल गया। बताया गया कि बाद में रन फॉर यूनिटी मैराथन के विजेताओं को नैनी कोतवाली परिसर में बुलाया गया, जहां उन्हें पुरस्कार वितरित किए गए। आयोजन स्थल पर उत्पन्न अव्यवस्था के बाद पुरस्कार वितरण के लिए पुलिस परिसर का चयन किए जाने की भी चर्चा रही।
रजिस्ट्रेशन के नाम पर बड़ी संख्या में प्रतिभागियों को बुलाने के बावजूद बुनियादी सुविधाओं और दौड़ के नियमों को लेकर उठे सवालों ने आयोजकों की तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रतिभागियों की नाराजगी के बाद कार्यक्रम की व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।