Mathura Extortion Case: थाना हाईवे क्षेत्र में जमीन पर बाउंड्रीवॉल का निर्माण करा रहे एक व्यक्ति से 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगने और रंगदारी नहीं देने पर जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। आरोप है कि सोमवार शाम हथियारों से लैस करीब 10-12 लोग निर्माण स्थल पर पहुंचे और फायरिंग कर दी। फायरिंग का वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें कुछ लोग खुलेआम हथियारों से फायरिंग करते नजर आ रहे हैं। हालांकि, वीडियो मथुरा के थाना हाइबे इलाके के देवी पूरा का बताया जा रहा है, मौके पर पहुंची पुलिस ने घटना का जायजा लिया और आरोपियों की तलाश में जुट गई है,
शिकायतकर्ता के मुताबिक, मौजा बाजना क्षेत्र स्थित उसकी जमीन पर बाउंड्रीवॉल का निर्माण कराया जा रहा है। आरोप है कि ब्रजमोहन उर्फ कालू, लोकेश और कनक समेत कुछ लोग पिछले कई दिनों से निर्माण स्थल पर पहुंच रहे थे और 20 लाख रुपये की रंगदारी मांग रहे थे। आरोप है कि रंगदारी देने से इनकार करने पर आरोपियों ने निर्माण कार्य बंद कराने और गोली मारने की धमकी दी।
शिकायत के अनुसार, 5 अक्टूबर की शाम करीब चार बजे ब्रजमोहन उर्फ कालू, लोकेश और कनक अपने करीब 10-12 अज्ञात साथियों के साथ निर्माण स्थल पर पहुंचे। पीड़ित का आरोप है कि इनमें से कई लोगों के चेहरे ढके हुए थे और उनके हाथों में रायफल, तमंचे, रिवॉल्वर और पिस्टल जैसे हथियार थे।
पीड़ित के मुताबिक, मौके पर पहुंचते ही आरोपियों ने उसके और उसके भाई प्रमोद के अलावा चंद्रप्रकाश तथा योगेश को निशाना बनाते हुए कथित तौर पर फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई फायरिंग से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। अपनी जान बचाने के लिए पीड़ित और उसके साथ मौजूद लोग ईंटों के ढेर के पीछे छिप गए। आरोप है कि हमलावरों ने ईंट-पत्थर भी चलाए।
इस दौरान पीड़ित की टाटा हैरियर कार भी क्षतिग्रस्त हो गई। कार का पंजीकरण नंबर UP85CK5252 बताया गया है। शिकायतकर्ता ने पुलिस को घटना की जानकारी देते हुए आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और अपनी सुरक्षा की मांग की है।
घटना के बाद सामने आए वीडियो ने भी कई सवाल खड़े किए हैं। वीडियो में कुछ लोग हथियार लेकर फायरिंग करते दिखाई दे रहे हैं। यदि वीडियो की जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो खुलेआम हथियारों का प्रदर्शन और फायरिंग पुलिस-प्रशासन के लिए गंभीर चुनौती मानी जाएगी।
फिलहाल थाना हाईवे पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस वीडियो फुटेज, घटनास्थल और शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। साथ ही पुलिस इस बात का भी पता लगाने में जुटी है कि फायरिंग में कौन-कौन लोग शामिल थे और रंगदारी मांगने के पीछे वास्तविक विवाद क्या है। पुलिस जांच के बाद ही घटना की पूरी तस्वीर साफ हो सकेगी।