OP Rajbhar on Rakshabandhan: रक्षाबंधन के मौके पर भी ओपी राजभर ने अखिलेश यादव पर सियासी हमला जारी रखा। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला।
राजभर ने अखिलेश यादव से सवाल किया कि क्या वह रक्षाबंधन के अवसर पर प्रदेश की बहनों को ऐसा तोहफा दे सकते हैं, जिसमें सपा के कथित गुंडों से महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान की गारंटी का वादा हो।
मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ''अखिलेश जी, आज रक्षा बंधन है। आज यूपी की बहनों को बस एक वादा कर दीजिए कि आपके गुंडे यूपी की बहनों पर गंदी निगाह नहीं रखेंगे, उन्हें छेड़ेंगे नहीं और उनके साथ कुछ गलत नहीं करेंगे। क्या ये तोहफा आप यूपी की बहनों को दे सकते हैं?''
इसके साथ ही उन्होंने देशवासियों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए लिखा, "समस्त देश एवं प्रदेशवासियों को भाई-बहन के पवित्र स्नेह, अटूट विश्वास और स्नेहिल रिश्तों के पावन पर्व रक्षाबंधन की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
रक्षाबंधन का यह पावन पर्व परिवार में प्रेम, अपनत्व और आपसी विश्वास को और प्रगाढ़ करने का संदेश देता है। यह पर्व हमारी समृद्ध भारतीय संस्कृति में निहित स्नेह, सम्मान और रिश्तों की गरिमा का प्रतीक है। रक्षाबंधन का यह पर्व सभी के जीवन में खुशियां, सुख-शांति और समृद्धि लेकर आए, ईश्वर से यही प्रार्थना है।"
इससे पहले ओपी राजभर ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर सपा प्रमुख पर निशाना साधते हुए लिखा था, ''उठ जाग मुसाफिर भोर भई, अब रैन कहां जो तू सोवत है।" अखिलेश भाई, यह भजन आपके लिए है। जग जाइए, आंख खोल लीजिए। उन्होंने लिखा कि वैसे, हिम्मत नहीं हो रही न सहारनपुर जाने की? वहां जाकर एक जनसभा को संबोधित करने की? चवन्नी के चक्कर में खड़ी हो गई न 36 बिरादरी आपके खिलाफ?
आप और आपके लोग ऐसी हरकते क्यों करते हैं? इतना गंदा बोलते क्यों हैं? किसी जाति को चवन्नी, किसी को नीच, किसी को वेश्या तो किसी को चोर। क्या मिल जाता है आपको? क्या यही आपका पीडीए है? गैर यादव ओबीसी जातियों को बेइज्जत करके आपको कोई सुख मिलता है क्या? ये आप ही जानें।
अखिलेश यादव पर हमला बोलते हुए ओम प्रकाश राजभर ने लिखा कि वैसे, आप आज भी इसी घमंड में जी रहे हैं कि लाठी से सरकार बना लेंगे। इसी मुगालते में जी रहे हैं न? तो जान लीजिए लठैतों का दौर 2017 में चला गया, जो अब लौटकर आने वाला नहीं है। ना सत्ताईस में, ना अगली पैदाइश में।
उन्होंने कहा कि दादरी की फ्लॉप सभा के बाद दूसरी कोई सभा करने की आप हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। अभी तो चवन्नी ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में असर दिखाना शुरू किया है, अभी तो पूर्वांचल सहित पूरा प्रदेश आपके साथ यही करने की तैयारी में है। आपका शुभचिंतक हूं इसलिए सलाह दे रहा हूं। - एजेंसी इनपुट के साथ