Kanpur Woman Constable Suicide: कानपुर के रेऊना थाना क्षेत्र के गिरसी गांव में छुट्टी लेकर घर पहुंचते ही महिला सिपाही ने सुसाइड कर लिया। घर के दूसरे मंजिल पर बने कमरे में उसका शव फंदे से लटकता हुआ मिला। जिसके बाद हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लिया। फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर घटना की जांच की।
रेऊना थाना क्षेत्र के गिरसी गांव में रहने वाली विजय सिंह की 22 वर्षीय पुत्री प्रतीक्षा अमेठी जनपद के मोहनगंज थाने में तैनात थी। बुधवार दोपहर 1:00 बजे छुट्टी लेकर वह घर पहुंची थी। मां से आराम करने की बात कह कर कमरे में चली गई, इसके बाद उसका शव फंदे से लटका हुआ मिला।
मौके पर पहुंची रेऊना थाना की पुलिस, फील्ड यूनिट और फोरेंसिक टीम ने घटना की जांच करते हुए मृतका प्रतीक्षा सिंह के फोन को कब्जे में लिया है। पुलिस के अनुसार मृतका का फोन रिसेट था जो अपने आप में कई सवाल खड़े कर रहा है, आखिर फोन में ऐसा क्या था कि आत्महत्या करने से पहले मृतका ने अपना फोन रिसेट कर दिया?
आखिर फोन को रिसेट करने की वजह क्या थी? डीसीपी दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी के अनुसार फोन को कब्जे में लेकर फॉरेंसिक लैब भेजा गया है। डाटा रिकवर का प्रयास किया जा रहा है, ताकि यह पता चल सके कि फोन में ऐसा क्या था, जो मौत से पहले फोन को रिसेट किया गया?
मृतका सिपाही प्रतीक्षा सिंह 6 महीने पूर्व ही उत्तर प्रदेश पुलिस में भर्ती हुई थी उसकी पहली तैनाती अमेठी जनपद में हुई थी। प्रतीक्षा सिंह को अमेठी जनपद के मोहनगंज थाने में तैनाती मिली थी, लेकिन अपनी नौकरी के शुरुआती समय में ही ऐसा क्या हुआ कि महिला सिपाही को छुट्टी लेकर घर आना पड़ा केवल आत्महत्या करने के लिए?
प्रतीक्षा सिंह बुधवार दोपहर 1:00 छुट्टी लेकर अपने घर पहुंची थी, घर पहुंचते ही उसने मां से आराम करने की बात कही। परिवार के लोगों ने खाना खाने के लिए कहा, तो उसने खाना खाने से मना कर दिया। जिसके बाद आराम करने की बात कह कर वह मकान के दूसरी मंजिल पर बने एक कमरे में चली गई। 2:00 बजे के करीब बहन दीपा, जब प्रतीक्षा को बुलाने ऊपर पहुंची तो कमरा अंदर से बंद था।
अनहोनी की आशंका पर परिवार के लोग इकट्ठा हुए और दरवाजा खोला तो सभी के होश उड़ गए। कुंडे के सहारे प्रतीक्षा फंदे से लटक रही थी। इसके बाद परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया। जिस समय प्रतीक्षा घर पहुंची उस समय घर में मां सुषमा, पिता विजय सिंह, भाई राजवीर सिंह, बहन दीपा व दिव्या मौजूद थी।
अमेठी के मोहनगंज थाने से छुट्टी लेकर घर के लिए निकली प्रतीक्षा ने रास्ते से अपनी बहन दीपा को फोन किया था और कहा था कि वह जल्दी घर पहुंच जाएगी लेकिन बहुत टेंशन में है कोई परेशानी उसको बहुत सता रही थी जिसके चलते उसकी डिप्रेशन जैसी स्थिति हो रही थी बहन दीपा ने उससे परेशानी की वजह पूछी तो प्रतीक्षा ने कहा घर आकर सब बताएगी इसके बाद यह बात दीपा ने अपने पिता विजय सिंह को बताई तो विजय सिंह अपनी बेटी प्रतीक्षा को लेने के लिए स्टेशन पहुंचे और स्टेशन से लेकर घर आए लेकिन प्रतीक्षा ने कुछ बताने से पहले ही अपनी जीवन का अंत कर लिया।
परिजनों का कहना है कि प्रतीक्षा सरल स्वभाव की थी सामान्य तरह से अपनी नौकरी कर रही थी, लेकिन पिछले कुछ दिनों से उसके स्वभाव में चिड़चिड़ापन आ गया था। प्रतीक्षा परेशान थी लेकिन वजह क्या थी, इसकी जानकारी किसी को नहीं। अमेठी के मोहनगंज थाने में ऐसा क्या हुआ कि प्रतीक्षा छुट्टी लेकर घर सिर्फ इसलिए पहुंची ताकि अपनी जीवन लीला समाप्त कर सके?
डीसीपी दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी ने बताया शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मृतका का पोस्टमार्टम वीडियो ग्राफी और डॉक्टर के पैनल के द्वारा कराया जा रहा है। हर एक बिंदु पर घटना की जांच की जा रही है। मृतका के फोन को कब्जे में लिया गया है। अन्य आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।