Bulandshahr Farmer Murder Case: शिकारपुर थानाक्षेत्र के रानाइच गांव में 45 साल के लालाराम की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। बृहस्पतिवार सुबह 5 बजे हत्यारों ने शव को गांव के मुख्य रास्ते पर फेंक दिया। सुबह ग्रामीणों ने मुख्य रास्ते पर शव देखा तो पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही एसएसपी और एसपी देहात अंतरिक्ष जैन पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया, जिसने सबूत जुटाए।
लालाराम के सिर पर धारदार हथियार से कई वार किए गए थे। शव की एक टांग भी कटी हुई मिली। शव की हालत देखकर ग्रामीणों में गुस्सा है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। एसपी देहात अंतरिक्ष जैन ने बताया कि हत्या की सूचना मिलते ही शिकारपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। पुलिस ने कई पहलुओं से जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और दुश्मनी जैसे कारणों की तलाश कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की पहचान जल्द कर ली जाएगी और उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा। गांव में पुलिस तैनात की गई है।
बता दें कि बुलंदशहर में 45 वर्षीय लालाराम की धारदार हथियार से निर्मम हत्या कर दी गई। इस घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। बुलंदशहर के गांव नरेंद्रपुर रनाइच में बुधवार रात मकान की छत पर सो रहे इसी दौरान लालाराम की हत्या कर दी गई। हत्यारों ने किसान की दाहिनी टांग घुटने के पास से काट डाली। सुबह उनका क्षत-विक्षत शव घर के बाहर रास्ते में पड़ा मिला। चौंकाने वाली बात है कि किसान का शव बाहर मिला, जबकि मकान के भीतरी कमरों और दूसरे दरवाजे पर खून के ताजे धब्बे पाए गए हैं।
नरेंद्रपुर रनाइच निवासी लालाराम प्रजापति सीधे-सादे व्यक्ति थे और खेती-बाड़ी कर अपने परिवार का गुजर-बसर करते थे। परिजनों ने बताया कि बुधवार रात वह खाना खाने के बाद मकान की छत पर सोने चले गए थे। मकान के निचले हिस्से में उनकी पत्नी रजनी, छोटा बेटा मोहित और 14 वर्षीय नाबालिग बेटी सो रहे थे, जबकि बड़ा बेटा गौरव दिल्ली में प्राइवेट नौकरी करता है।
फील्ड यूनिट ने मौके से खून के नमूने और फिंगरप्रिंट जुटाए हैं। मकान के अंदर कमरों में भी खून के निशान मिले हैं, जो घटना को संदिग्ध बना रहे हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिजनों और संदिग्धों से पूछताछ चल रही है। सर्विलांस और फॉरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही पूरे मामले का पर्दाफाश कर आरोपियों को जेल भेजा जाएगा।अंतरिक्ष कुमार जैन, एसपी देहात, बुलंदशहर
वारदात की सूचना पर एसएसपी दिनेश कुमार सिंह, एसपी देहात अंतरिक्ष कुमार जैन, सीओ प्रमोद कुमार सिंह और कोतवाली प्रभारी पुलिस टीम के साथ गांव पहुंचे। पुलिस ने जब मकान की तलाशी ली, तो मामला पूरी तरह संदिग्ध नजर आया। फील्ड यूनिट फॉरेंसिक टीम को घर के कमरों के फर्श और भीतरी दरवाजे की चौखट पर खून के छींटे व धब्बे मिले। अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि यदि लालाराम छत पर सो रहे थे तो उनका शव गली में कैसे मिला और मकान के बंद कमरों में खून कैसे पहुंचा? क्या किसान का कत्ल कमरे के भीतर कर शव को बाहर फेंका गया, या छत पर वारदात को अंजाम देकर घसीटते हुए नीचे लाया गया? नीचे सो रहे परिजनों को इतनी बड़ी वारदात की भनक तक न लगना भी पुलिस के गले नहीं उतर रहा है।
ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि लालाराम बेहद शांत स्वभाव के व्यक्ति थे। गांव में न तो उनकी किसी से कोई चुनावी रंजिश थी और न ही किसी से कोई पुराना जमीन या रुपयों का विवाद। ऐसे में हत्या की वजह को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। पुलिस अब अवैध संबंध, पारिवारिक संपत्ति विवाद और आपसी कलह समेत तमाम कोणों पर गहराई से पड़ताल कर रही है। घर के सदस्यों और कुछ नजदीकियों से अलग-अलग पूछताछ की जा रही है।