Silent Artificial Muscles (Source. X) 
टेक्नॉलजी

अब इंसानों जैसी ताकत वाले रोबोट आएंगे, Silent Muscles से बदलेगी आपकी जिंदगी

Silent Artificial Muscles: रोबोटिक्स की दुनिया में तेज़ी से विकास हुआ है और अब पहले से कहीं ज्यादा एडवांस रोबोट सामने आ रहे हैं। इसी बीच वैज्ञानिकों ने एक ऐसी नई तकनीक विकसित की है जो खास है।

सिमरन सिंह

Artificial Muscles Research: पिछले कुछ वर्षों में रोबोटिक्स की दुनिया में तेज़ी से विकास हुआ है और अब पहले से कहीं ज्यादा एडवांस रोबोट सामने आ रहे हैं। इसी बीच वैज्ञानिकों ने एक ऐसी नई तकनीक विकसित की है, जो आने वाले समय में रोबोट्स की पूरी परिभाषा बदल सकती है। यह खोज सिर्फ रोबोट्स तक सीमित नहीं है, बल्कि वीयरेबल डिवाइसेस के क्षेत्र में भी बड़ा बदलाव ला सकती है।

MIT मीडिया लैब और इटली की Polytechnic University के वैज्ञानिकों ने मिलकर नई तरह की आर्टिफिशियल मसल्स तैयार की हैं। ये मसल्स मजबूत होने के साथ-साथ बेहद लचीली हैं और इंसानी मांसपेशियों की तरह ही काम करती हैं, जिससे रोबोट्स के मूवमेंट को और ज्यादा सहज बनाया जा सकता है।

क्या खास है Silent Artificial Muscles में?

इन नई आर्टिफिशियल मसल्स की सबसे बड़ी खासियत यह है कि ये इंसानी मसल्स के फाइबर जैसी संरचना पर आधारित हैं। इन्हें अलग-अलग जरूरतों के हिसाब से अरेंज किया जा सकता है। खास बात यह है कि ये पूरी तरह साइलेंट हैं, यानी अब रोबोट्स काम करते समय शोर नहीं करेंगे। इसके अलावा ये सॉफ्ट और फ्लेक्सिबल हैं, जिससे इन्हें ऐसे उपकरणों में इस्तेमाल किया जा सकता है जो सीधे इंसानों के संपर्क में रहते हैं। इससे हेल्थकेयर जैसे क्षेत्रों में इनका उपयोग बेहद फायदेमंद साबित हो सकता है।

कैसे काम करती हैं ये नई मसल्स?

इन आर्टिफिशियल मसल्स को बनाने के लिए वैज्ञानिकों ने दो अलग-अलग तकनीकों को एक सिस्टम में जोड़ा है। पहली तकनीक "McKibben actuator" पर आधारित है, जिसमें एक सॉफ्ट ट्यूब फ्लूइड पंप करने पर सिकुड़ती है। दूसरी तकनीक इलेक्ट्रोहाइड्रोडायनामिक्स पर आधारित एक छोटे पंप की है, जो इलेक्ट्रिक फोर्स के जरिए फ्लूइड को मूव करता है।

रिसर्चर्स ने इस छोटे पंप को सीधे मसल फाइबर में इंटीग्रेट कर दिया है, जिससे बाहरी पंप की जरूरत खत्म हो गई। इंसानी मसल्स की तरह ये भी जोड़े में काम करती हैं—एक सिकुड़ती है तो दूसरी फैलती है, जिससे स्मूद मूवमेंट संभव होता है।

रोबोट्स की दुनिया कैसे बदलेगी?

इन Silent Artificial Muscles के आने से रोबोट्स का डिजाइन पूरी तरह बदल सकता है। अभी तक रोबोट्स में इलेक्ट्रिक मोटर्स का इस्तेमाल होता है, जो घुमावदार गति को सीधी गति में बदलते हैं। लेकिन नई मसल्स के साथ यह कन्वर्जन जरूरी नहीं रहेगा। इन मसल्स को रोबोट की पूरी बॉडी में इंटीग्रेट किया जा सकता है, जिससे डिजाइन ज्यादा कॉम्पैक्ट और एफिशिएंट बनेगा। इससे हेल्थकेयर, मैन्युफैक्चरिंग और अन्य इंडस्ट्री में इस्तेमाल होने वाले रोबोट्स और भी बेहतर और हल्के बन सकते हैं।

भविष्य की टेक्नोलॉजी अब करीब

Silent Artificial Muscles आने वाले समय में भारी-भरकम हार्डवेयर की जगह ले सकती हैं। यह तकनीक रोबोट्स को इंसानों के और करीब लाएगी और उनकी कार्यक्षमता को कई गुना बढ़ा देगी।

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