Maharashtra Crime News: यवतमाल रालेगांव तालुका में पिछले छह महीनों में 34 लड़कियों के लापता होने का गंभीर मामला सामने आया है। इस मामले में मानव तस्करी की आशंका जताते हुए भाजपा के जिलाध्यक्ष एड। प्रफुल्ल चव्हाण ने आरोप लगाए हैं। इसके बाद सोमवार 20 अप्रैल को विभिन्न संगठनों ने रालेगांव शहर में कड़ा बंद रखा।
इस दौरान विरोध प्रदर्शन करते हुए कई स्थानों पर सड़कों पर टायर जलाकर आक्रोश जताया गया। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस का भारी बंदोबस्त तैनात किया गया, जिससे शहर को छावनी जैसा स्वरूप प्राप्त हो गया था। बताया जा रहा है कि 19 अप्रैल को एक संदिग्ध व्यक्ति नाबालिग लड़कियों को दूसरे राज्यों में बेचने के लिए ले जा रहा था। साथ ही देह व्यापार और मानव तस्करी जैसे गंभीर अपराधों के चलने की भी आशंका व्यक्त की गई है।
रालेगांव, मारेगांव और वणी तालुका से अब तक 34 लड़कियों के लापता होने का आरोप लगाया गया है। आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की मांग इस संबंध में एक ऑडियो क्लिप भी वायरल हुई है, जिसके बाद पूरे यवतमाल जिले में इस घटना की तीव्र प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है।
सोमवार को विभिन्न हिंदुत्ववादी संगठनों ने रालेगांव बंद का आह्वान किया था। उन्होंने मांग की कि मानव तस्करी रैकेट से जुड़े सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाए। इसी दौरान बस स्टैंड के सामने टायर जलाकर विरोध प्रदर्शन किया गया। कुछ समय के लिए इलाके में तनाव का माहौल बन गया।
भाजपा जिलाध्यक्ष चव्हाण द्वारा कई लड़कियों के लापता होने का आरोप लगाए जाने के बाद रालेगांव में कड़ा बंद रखा गया। पुलिस ने इस मामले में कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है और जांच तेज कर दी है। संबंधित अपराध दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। लापता लड़कियों को ढूंढना और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करना ही प्राथमिकता है। अशोक उईके, आदिवासी विकास मंत्री