(प्रतीकात्मक तस्वीर) 
वर्धा

वर्धा के शिक्षा विभाग में बड़ा बदलाव, 4 महीने में 842 शिक्षकों का हुआ तबादला

wardha News: वर्धा जिले में ऑनलाइन पोर्टल के जरिए 842 शिक्षकों के संवर्गवार तबादले किए गए। इनमें शासकीय, अनुरोध आधारित और एकत्रीकरण प्रक्रिया के अंतर्गत तबादले शामिल हैं।

आकाश मसने

Wardha Teacher Transfer News: शासकीय, अनुरोध आधारित और एकत्रीकरण प्रक्रिया के अंतर्गत वर्धा जिले के 842 शिक्षकों के जिला अंतर्गत संवर्गवार तबादले किए गए हैं। यह तबादले ऑनलाइन तबादला पोर्टल के माध्यम से किए गए हैं और अब शिक्षकों की कार्य मुक्ति की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जिला परिषद के अंतर्गत आने वाले संवर्ग 1, संवर्ग 2, तबादला पात्र और विस्थापित शिक्षकों के तबादले इस पोर्टल के माध्यम से किए गए हैं। इनमें अनुरोध आधारित तबादले, शासकीय तबादले और एकत्रीकरण के अनुरोध प्राप्त हुए थे।

सबसे पहले सभी शिक्षकों की प्रोफाइल पोर्टल पर अपडेट की गई थी। इसके बाद जिले की रिक्त पदों की जानकारी पोर्टल पर भरकर, अलग-अलग संवर्गों के शिक्षकों के तबादले के लिए छह-छह दिनों की अवधि में आवेदन लिए गए थे। उसी अनुसार तबादले किए गए हैं और कार्यमुक्ति की प्रक्रिया जारी है।

जानें क्या है ट्रांसफर का नियम?

सरकारी नियमों के अनुसार किसी भी शिक्षक का एक ही विद्यालय में 3 से 6 वर्षों की सेवा के बाद तबादला किया जाता है। इसी तरह पति-पत्नी एकत्रीकरण या शिक्षक की व्यक्तिगत मांग के आधार पर भी तबादले के लिए आवेदन किए जाते हैं। हर साल तबादले के लिए आवेदन प्राप्त होते हैं।

इस वर्ष वर्धा जिले में कुल 842 शिक्षकों के आवेदन प्राप्त हुए। इनमें संवर्ग 1 के 143, संवर्ग 2 के 60, तबादला पात्र 629 और विस्थापित 10 शिक्षक शामिल हैं। इस पूरी तबादला प्रक्रिया के लिए ऑनलाइन पोर्टल पर पहले शिक्षकों के प्रोफाइल अपडेट किए गए, फिर रिक्त पदों की जानकारी भरी गई और उसके बाद आवेदन जमा किए गए। इस पूरी प्रक्रिया में लगभग 3 से 4 महीने का समय लगा। तबादले हो चुके हैं और अब शिक्षकों की कार्यमुक्ति की प्रक्रिया शिक्षा विभाग द्वारा की जा रही है।

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