Wardha Sound Pollution Action: वर्धा में गणेशोत्सव, नवरात्रोत्सव सहित सभी धर्मों के त्योहार, जयंती समारोह, विवाह समारोह तथा सार्वजनिक, सामाजिक व राजनीतिक कार्यक्रमों के दौरान होने वाले ध्वनिप्रदूषण, कर्णकर्कश ध्वनिवर्धकों, लेजर शो और पटाखों के अत्यधिक उपयोग पर रोक लगाने की मांग विभिन्न सामाजिक संगठनों ने की है।
इस संबंध में जिलाधिकारी और जिला पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा गया। जापन में कहा गया कि जिले में सभी धर्मों के त्योहार और सार्वजनिक कार्यक्रम शांतिपूर्ण वातावरण में, सामाजिक सद्भाव बनाए रखते हुए तथा नियमों का पालन कर मनाए जाएं, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
वर्धा जिले में करीब 600 जागरूक नागरिकों के हस्ताक्षर वाले ज्ञापन में प्रशासन से सभी आयोजकों को नियमों को पूर्व सूचना देने तथा उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की गई।
सार्वजनिक सड़कों पर मंडप लगाने से होने वाले यातायात अवरोध को रोकने की भी मांग की गई। सामाजिक संगठनों ने कहा कि सड़क पर अतिक्रमण और अवरोध के कारण विद्यार्थियों, बुजुर्गों, मरीजों तथा आम नागरिकों को परेशानी होती है।
इसे देखते हुए आयोजकों से भी प्रशासन को सहयोग करने का आह्वान किया गया। ज्ञापन सौंपते समय विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने जिला पुलिस अधीक्षक और निवासी उपजिलाधिकारी से सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों तथा लागू कानूनों और नियमों के कड़ाई से पालन को लेकर चर्चा की।
प्रशासन की ओर से नियमों का पालन सुनिश्चित करने तथा कानून का प्रभावी ढंग से अमल करने का आश्वासन दिया गया। इस अवसर पर भारतीय लोकशाही अभियान के सदस्यों के साथ आनंद निकेतन की संचालिका सुषमा शर्मा, सत्यशोधक समाज की प्रा। नूतन मालवी, अ।भा। अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति के जिलाध्यक्ष इथापे आदि उपस्थित थे।