Sangli Corporation Employees Regularization: सांगली मिरज कुपवाड महानगरपालिका के 10 वर्ष से अधिक समय से सेवा दे रहे कर्मचारियों को पालिका की सेवा में समायोजित किया जाए।
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने यह निर्देश दिए। उन्होंने नगर विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव डी. गोविंदराज को नियमों के अनुसार ये पद भरने के निर्देश भी दिए।
सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सांगली मिरज कुपवाड मनपा के कुल 1198 कर्मचारियों को सेवा में समायोजित करने के मुद्दे पर बैठक हुई। बैठक में सांगली के पालकमंत्री चंद्रकांत पाटी, विधायक सुहास बाबर, विधायक सुधीर गाडगीळ, नगर विकास अपर मुख्य सचिव डी. गोविंदराज और सांगली कुपवाड मनपा आयुक्त संजिता महापात्र सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
सांगली मिरज कुपवाड मनपा में काम करने वाले इन 1198 कर्मचारियों में से कुछ मानदेय पर और कुछ रोजंदारी पर कार्यरत हैं। इनमें से कई कर्मचारी 25 से 30 वर्षों से पालिका में सेवा दे रहे हैं। इसी कारण पालकमंत्री पाटील और विधायक बाबर ने इन सभी को पालिका सेवा में समायोजित करने की मांग की थी।
वर्तमान में पालिका का स्थापना खर्च कुल आय का 65.6 प्रतिशत है। ऐसे में सभी 1198 कर्मचारियों को एक साथ सेवा में लेने पर पालिका पर हर महीने अतिरिक्त 10 करोड़ 40 लाख रुपये का बोझ पड़ेगा। इसी को ध्यान में रखते हुए उपमुख्यमंत्री शिंदे ने कहा कि फिलहाल 10 साल से ज्यादा सेवा करने वाले कर्मचारियों को ही पालिका सेवा में समायोजित किया जाए। शेष कर्मचारियों के संबंध में पालिका की आर्थिक स्थिति सुधरने के बाद सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा।
बैठक में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पालिका को आय बढ़ाने के प्रयास करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संपत्ति कर वसूल किया जाए और उसमें नई संपत्तियों को भी शामिल किया जाए।
पालिका प्रशासन ने बताया कि आय बढ़ाने के प्रयास जारी हैं और इसके लिए संपत्ति कर में वृद्धि की गई है। इससे आने वाले समय में पालिका के खजाने में अतिरिक्त आय जमा होगी।
उपमुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि लंबे समय से सेवा दे रहे कर्मचारियों के हितों की रक्षा करना जरूरी है, लेकिन साथ ही पालिका की वित्तीय स्थिरता को भी बनाए रखना होगा। इसलिए चरणबद्ध तरीके से कर्मचारियों को समायोजित करने का निर्णय लिया गया है।