Arvind Shinde Complaint Against Harshwardhan Sapkal News: पुणे विधान परिषद चुनाव के परिणाम सामने आने के बाद कांग्रेस में अंदरूनी नाराजगी खुलकर सामने आने लगी है।
पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व नगरसेवक अरविंद शिंदे ने महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल के खिलाफ सीधे पार्टी हाईकमान से शिकायत की है। इस घटनाक्रम ने पुणे कांग्रेस में नया विवाद खड़ा कर दिया है और मविआ के भीतर समन्वय को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। अरविंद शिंदे ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पार्टी महासचिव के सी वेणुगोपाल को ई-मेल के जरिए शिकायत भेजी है।
उन्होंने आरोप लगाया है कि पुणे विधान परिषद चुनाव में राकांपा (शरद गुट) के उम्मीदवार को समर्थन देने का फैसला प्रदेश नेतृत्व ने स्थानीय कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को विश्वास में लिए बिना किया। शिंदे का कहना है कि पुणे के कांग्रेस पदाधिकारियों, कार्यकतर्ताओं और स्थानीय नेतृत्व से कोई चर्चा नहीं की गई, जिससे संगठन में असंतोष पैदा हुआ और पार्टी की जमीनी ताकत को नुकसान पहुंचा है।
अरविंद शिंदे ने अपनी शिकायत में मविआ की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए है। आरोप है कि सहयोगी दलों को समर्थन देने और सीटों के बंटवारे जैसे महत्वपूर्ण फैसलों में कांग्रेस के स्थानीय नेतृत्व को नजरअंदाज किया जाता है। कार्यकर्ताओं के बीच यह भावना मजबूत हो रही है कि मविआ में कांग्रेस की लगातार उपेक्षा की जा रही है और पार्टी को कमजोर किया जा रहा है।
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शिंदे ने आरोप लगाया कि प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल के कुछ फैसलों से कांग्रेस की राजनीतिक ताकत कमजोर हो रही है। उन्होंने पार्टी मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की है। स्थानीय नेताओं को दरकिनार कर लिए गए निर्णय कांग्रेस को राजनीतिक नुकसान पहुंचा सकते हैं