Nashik Municipal Corporation Bank Account: आडगांव में भूमि अधिग्रहण मामले में नासिक महानगरपालिका को अदालत ने बड़ा झटका दिया है। जमीन मालिक को मंजूर करीब 18 करोड़ रुपये का बढ़ा हुआ मुआवजा अदा नहीं किए जाने पर अदालत ने महानगरपालिका का बैंक खाता सील करने के कड़े आदेश दिए हैं। एक भूमि में हुई इस कार्रवाई से महानगरपालिका प्रशासन के आर्थिक और कानूनी संकट में और बढ़ोतरी हो गई है।
मौजे आडगांव स्थित गट क्रमांक 772/1/2/4 और 772/1/2/5 की जमीन के भूमि अधिग्रहण के लिए महानगरपालिका ने जमीन मालिक को पहले करीब 20.40 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया था। हालांकि, यह मुआवजा अपर्याप्त होने का दावा करते हुए राजेंद्र देवराम जाधव ने बढ़े हुए मुआवजे के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया।
सुनवाइ के बाद अदालत ने जमीन मालिक के पक्ष में फैसला सुनाते हुए महानगरपालिका को बढ़ा हुआ मुआवजा अदा करने के आदेश दिए। इसके बावजूद निर्धारित राशि का भुगतान नहीं किए जाने पर आदेश के क्रियान्वयन की कार्रवाई शुरू हुई।
मुआवजे की राशि अदा नहीं किए जाने पर अदालत ने इससे पहले नासिक महानगरपालिका आयुक्त के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। हालांकि, 5 अगस्त को इस वारंट पर अगले आदेश तक रोक लगा दी गई थी, जिससे प्रशासन को कुछ राहत मिली थी। लेकिन हाल ही में हुई सुनवाई में महानगरपालिका की ओर से पुनर्विचार याचिका दाखिल करने तथा उच्च न्यायालय में अपील की प्रक्रिया शुरू होने की जानकारी अदालत को दी गई।
अदालत इससे संतुष्ट नहीं हुई और महानगरपालिका का बैंक खाता सील करने के आदेश जारी कर दिए। इस आदेश से नासिक महानगरपालिका के आर्थिक लेनदेन पर असर पड़ने की आशंका है। नियमित भुगतान, विकास कार्यों के बिल, ठेकेदारों के बकाये तथा अन्य प्रशासनिक खचों को लेकर प्रशासन के सामने नई चुनौती खड़ी हो गई है।