Nashik-Trimbakeshwar Simhastha Kumbh Mela: नासिक कुंभ 2027 सिर्फ आस्था का महामिलन नहीं बल्कि सरकार के लिए सबसे बड़ी परीक्षा है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने साफ कर दिया है कि इस आयोजन में लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं होगी। मुंबई स्थित सह्याद्री गेस्ट हाउस में हुई उच्चस्तरीय बैठक में फडणवीस ने रिंग रोड परियोजना को सबसे अहम बताया। उन्होंने कहा- “अगर रिंग रोड वक्त पर नहीं बनी तो कुंभ के दौरान पूरा शहर जाम में फंस जाएगा।”
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सड़क निर्माण में देरी की कोई गुंजाइश नहीं है। रिंग रोड ही ट्रैफिक मैनेजमेंट की रीढ़ साबित होगी, जिससे लाखों श्रद्धालुओं, साधु-संतों और आपात सेवाओं की आवाजाही सुचारू हो सकेगी।
केवल यातायात ही नहीं, बल्कि रामकुंड और गोदावरी की सफाई को भी सबसे बड़ी प्राथमिकता दी गई है। CM ने कहा कि सीवरेज नेटवर्क समय पर पूरा होना चाहिए ताकि स्नान घाटों पर पानी शुद्ध और स्वच्छ रहे।
बैठक में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, अजित पवार, छगन भुजबल, दादा भुसे, गिरीश महाजन समेत तमाम बड़े मंत्री मौजूद थे। सभी ने अपनी-अपनी तरफ से सुझाव दिए। शिंदे ने कहा कि कुंभ के लिए बने ढांचे को स्थायी स्वरूप देना जरूरी है, जबकि अजित पवार ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की मांग की।
इस बार का कुंभ हाईटेक भी होगा। ‘डिजिटल कुंभ’ की अवधारणा पर तेजी से काम शुरू हो गया है। श्रद्धालुओं को रियल टाइम जानकारी और डिजिटल गाइडेंस मिलेगा। सीसीटीवी निगरानी, फेस रिकग्निशन तकनीक और आधुनिक मॉनिटरिंग सिस्टम से सुरक्षा को और स्मार्ट बनाया जाएगा।
साधु ग्राम के लिए जमीन अधिग्रहण, सीवरेज लाइन, नदी की सफाई, डिजिटल प्रचार, सब योजनाओं पर गति बढ़ाने का आदेश दिया गया। CM ने अधिकारियों को चेताया कि अगर काम समय पर पूरा नहीं हुआ तो जिम्मेदारी तय होगी।
नाशिक कुंभ 2027 को राज्य सरकार एक भव्य, सुरक्षित और ऐतिहासिक आयोजन बनाने के लिए हरसंभव तैयारी कर रही है। सरकार का फोकस साफ है—भीड़ प्रबंधन से लेकर सफाई और डिजिटल सुरक्षा तक, कोई चूक नहीं।