Nashik FDA Officers Court Order Violation: अन्न एवं औषधि प्रशासन के कामकाज को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। न्यायालय के आदेशों की कथित अवमानना और नियमों के पालन में अनियमितताओं की जांच के चलते नासिक विभाग के पांच अधिकारियों के नाम जांच के घेरे में बताए जा रहे हैं।
अन्न एवं औषधि प्रशासन (FDA) के कामकाज को लेकर राज्य स्तर पर जांच शुरू होने की जानकारी सामने आई है। न्यायालय के आदेशों की कथित अवमानना और विभागीय कामकाज में अनियमितताओं के आरोपों के चलते राज्य के 12 अधिकारियों पर कार्रवाई की तलवार लटक रही है। इनमें नासिक विभाग के पांच अधिकारी शामिल बताए जा रहे हैं।
प्रारंभिक जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर संबंधित अधिकारियों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है। हालांकि, जांच पूरी होने के बाद ही आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
जानकारी के अनुसार, नासिक विभाग के अन्न सुरक्षा अधिकारी (इंटेलिजेंस) अ. र. दाभाडे, अ. उ. रासकर, गो. वे. कासार, यो. रो. देशमुख और सु. दे. महाजन के नाम प्रारंभिक जांच के दायरे में सामने आए हैं।
इन अधिकारियों के कामकाज को लेकर नियमों का पालन नहीं करने और केवल कागजी कार्रवाई के जरिए कार्रवाई पूरी दिखाने के आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा, उच्च न्यायालय द्वारा दिए गए आदेशों की कथित अवहेलना किए जाने का भी आरोप है।
जांच में मुख्य रूप से इस बात की पड़ताल की जा रही है कि संबंधित अधिकारियों ने अपने अधिकार क्षेत्र में निर्धारित नियमों और प्रक्रियाओं का पालन किया था या नहीं। आरोप है कि कुछ मामलों में वास्तविक कार्रवाई के बजाय केवल दस्तावेजों में प्रक्रिया पूरी किए जाने का दावा किया गया।
यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ विभागीय स्तर पर कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल मामला जांच के स्तर पर है और अधिकारियों की जिम्मेदारी तथा भूमिका को लेकर प्रक्रिया जारी है।
मामले का एक प्रमुख पहलू उच्च न्यायालय के आदेशों से जुड़ा बताया जा रहा है। आरोप है कि आदेशों का निर्धारित तरीके से पालन नहीं किया गया। इसी आधार पर संबंधित अधिकारियों की भूमिका की जांच की जा रही है।
राज्य स्तर पर 12 अधिकारियों के नाम सामने आने के बाद नासिक FDA के कामकाज को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। अब जांच में यह स्पष्ट होना बाकी है कि किन मामलों में नियमों का उल्लंघन हुआ और इसके लिए जिम्मेदारी किसकी तय होती है।