Highlights:
प्रभारी आयुक्त भाग्यश्री विसपुते ने मंगलवार सुबह मालेगांव के सफाई हाजिरी केंद्रों और विभिन्न इलाकों का अचानक दौरा किया।
इलाके की गलियों में खून और पशुओं की गंदगी देखकर आयुक्त ने अधिकारियों से जवाब मांगा।
कई इलाकों में कचरे के ढेर मिले और कुछ सफाई कर्मचारियों के पास पहचान पत्र भी नहीं थे।
Malegaon Cleanliness Drive: मालेगांव महानगरपालिका की प्रभारी आयुक्त एवं धुलिया की जिलाधिकारी भाग्यश्री विसपुते ने मंगलवार सुबह ठीक 7 बजे शहर के सफाई हाजरी केंद्रों पर अचानक पहुंचकर अधिकारियों और सफाई कर्मचारियों को चौंका दिया।
उन्होंने मुख्य हाजिरी केंद्र से अपने दौरे की शुरुआत की और शहर के विभिन्न इलाकों में पहुंचकर सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान शहर के कई हिस्सों में गंदगी के ढेर और सफाई व्यवस्था में गंभीर लापरवाही सामने आई। कई स्थानों पर सफाई कर्मचारियों के पहचान पत्र भी उपलब्ध नहीं पाए गए।
इस पर आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई और व्यवस्था में तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए। दौरे के अंतिम चरण में आयुक्त कमालपुरा इलाके में पहुंचीं। यहां कुछ गलियों से गुजरते समय सड़कों पर खून और जानवरों की गंदगी देखकर उन्होंने अधिकारियों से सवाल किया कि इस तरह की गंदगी आखिर कहां से आ रही है? अधिकारियों ने दबे शब्दों में इलाके में चल रही कथित अवैध पशु कटाई और स्लॉटरिंग की जानकारी दी, जहां से मांस शहर सहित अन्य स्थानों पर भेजे जाने की बात सामने आई।
अधिकारियों द्वारा मामले को टालने की कोशिश के बावजूद आयुक्त विसपुते स्वयं वाहन से उतरकर अंदरूनी गलियों में पहुंचीं और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और वहां मौजूद लोगों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि शाम तक यह सब बंद कर दिया जाए और पूरे परिसर की सफाई की जाए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो अगले दिन दोबारा आने पर संबंधित लोगों को कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने खुले रास्ते पर कचरा फेंक रही एक महिला को रोककर पूछा कि वह सड़क पर कचरा क्यों डाल रही हैं? इस पर महिला ने जवाब दिया कि कचरा उठाने वाली गाड़ी उनके इलाके में नहीं आती। इस जवाब से शहर की कचरा संकलन व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हुए। दौरे के दौरान कई नागरिकों ने आयुक्त के सामने सफाई से जुड़ी अपनी समस्याएं रखीं। वहीं, मोहम्मद अली रोड और किदवई रोड पर अतिक्रमण हटाने के निर्देश भी दिए गए। सड़कों पर जगह-जगह जमा कचरे को देखकर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई।
आयुक्त भाग्यश्री विसपुते ने अधिकारियों को चेतावनी दी कि अगले दो दिनों में सफाई व्यवस्था में संतोषजनक सुधार दिखाई देना चाहिए। यदि निर्धारित समय में कामकाज में सुधार नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी किए जाएंगे और आगे विभागीय कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।
इस औचक निरीक्षण के दौरान उप आयुक्त कुमावत, जनसंपर्क अधिकारी पंकज सोनवणे, स्वच्छता निरीक्षक इकबाल शेख तथा उप आयुक्त (स्वच्छता) आर. पारखे सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे। आयुक्त के इस सुबह-सुबह के दौरे से महानगरपालिका के सफाई विभाग में हलचल मच गई है। अब देखना यह होगा कि इस सख्त निरीक्षण और चेतावनी के बाद शहर की सफाई व्यवस्था में वास्तव में कितना सुधार होता है।