Ashok Kharat Fraud Case Update (डिजाइन फोटो) 
नासिक

पाखंडी खरात के कारनामे: ग्रीनलैंड से युगांडा तक 21 देशों की मुफ्त यात्रा, पुणे व्यापारी के साथ बड़ी धोखाधड़ी

Ashok Kharat Fraud Case Update: पुणे के व्यापारी से 5 करोड़ की ठगी करने वाला भोंदूबाबा अशोक खरात गिरफ्तार। अवतार पूजा के नाम पर 21 देशों की सैर और मर्सिडीज हड़पने का खुलासा।

अनिल सिंह

Ashok Kharat News Update: महाराष्ट्र के नासिक और पुणे में 'भोंदूबाबा' अशोक खरात के काले कारनामों का एक नया और सनसनीखेज अध्याय सामने आया है। यौन शोषण के कई मामलों में घिरे इस पाखंडी बाबा ने अब पुणे के एक प्रतिष्ठित व्यवसायी को 'अवतार पूजा' और अंधविश्वास के जाल में फंसाकर 5 करोड़ रुपये का चूना लगाया है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि व्यवसायी के पैसों पर यह ठग बाबा ग्रीनलैंड, म्यांमार और युगांडा जैसे 21 देशों की सैर कर आया।

पुणे के हडपसर निवासी व्यवसायी राजेंद्र अशोक जासूद की शिकायत पर नासिक के सरकारवाड़ा पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है। अशोक खरात के खिलाफ दर्ज यह आठवां मामला है, जो उसकी आपराधिक मानसिकता की गहराई को दर्शाता है।

लॉजिस्टिक्स व्यवसाय में सफलता का लालच और 21 देशों की 'मिट्टी'

राजेंद्र जासूद, जो पेशे से एक कंस्ट्रक्शन व्यवसायी हैं, साल 2018 में अपने लॉजिस्टिक्स व्यवसाय को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैलाने की इच्छा लेकर अशोक खरात के संपर्क में आए थे। खरात ने उनकी इस इच्छा का फायदा उठाते हुए उन्हें 'अवतार पूजा' का झांसा दिया। उसने दावा किया कि यदि 21 अलग-अलग देशों की मिट्टी लाकर उसकी पूजा की जाए, तो जासूद को असीम शक्तियां प्राप्त होंगी और उनका व्यवसाय रातों-रात चमक उठेगा। इसी अंधविश्वास की आड़ में उसने जासूद से करोड़ों रुपये ऐंठने शुरू कर दिए।

मौत का डर और मर्सिडीज कार की वसूली

व्यवसायी को अपने नियंत्रण में रखने के लिए अशोक खरात ने 'नागदेवता' के कोप और काली जादू का सहारा लिया। उसने जासूद के मन में यह डर बैठा दिया कि यदि पूजा में कंजूसी की गई या उसकी बात नहीं मानी गई, तो नागदेवता के डसने से उनकी मृत्यु हो जाएगी। मौत के इसी डर के साये में जासूद ने अपनी कीमती मर्सिडीज कार खरात को सौंप दी और 2019 से 2023 के बीच उसके विदेशी दौरों का पूरा खर्च उठाया। खरात ने अपने इलाज के लिए चार बार अमेरिका की यात्रा भी जासूद के खर्च पर ही की।

पुलिस की भूमिका संदिग्ध: SIT करेगी वावी पुलिस की जांच

जब करोड़ों रुपये गंवाने के बाद भी व्यवसाय में कोई सुधार नहीं हुआ, तो जासूद ने अपने पैसे वापस मांगे। इस पर खरात ने उल्टा जासूद के खिलाफ सिन्नर के वावी पुलिस स्टेशन में रंगदारी (extortion) का झूठा मामला दर्ज करा दिया। अब इस मामले में वावी पुलिस की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। शक जताया जा रहा है कि पुलिस ने खरात के दबाव या आर्थिक मिलीभगत के चलते यह मामला दर्ज किया। अब SIT (विशेष जांच टीम) वावी पुलिस के अधिकारियों की भी जांच कर सकती है।

यूपी में महिलाओं को योगी सरकार देगी 50-50 हजार रुपये! चुनाव से पहले BJP ने अपनाया बिहार वाला फॉर्मूला

आज की ताजा खबर 13 अगस्त LIVE: सुखबीर सिंह बादल पर हुआ जानलेवा हमला, अस्पताल में भर्ती

RG कर रेप केस में बंगाल पुलिस की बड़ी कार्रवाई, फरार चल रहे पूर्व TMC विधायक ओडिशा से गिरफ्तार

अयोग्य को बना दिया मुख्यमंत्री! शिवसेना मामले में SC में सिब्बल की आक्रामक दलीलें

मराठों के गढ़ से सिखों का क्या कनेक्शन, नांदेड़ क्यों पहुंचे थे सुखबिर सिंह बादल? जानें ऐतिहासिक बैकग्राउंड