Khaparkheda Police Arrest: नागपुर में अंधविश्वास का झांसा देकर ठगी का हैरान करने वाला मामला सामने आया है। एक दंपति ने 80 वर्षीय लकवाग्रस्त वृद्धा के उपचार का नाटक करते हुए उसके परिवार को विश्वास में लिया और घर में नागदेवता का वास होने की बात कहकर करीब 2.55 लाख रुपये कीमत के सोने के आभूषण ठग लिए। वारदात के बाद फरार होने की कोशिश कर रहे आरोपी दंपति को खापरखेड़ा पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, रोहागा निवासी हीरा बड़े की 80 वर्षीय मां लकवे से पीड़ित हैं। परिवार की ओर से उनका अलग-अलग जगहों पर उपचार कराया जा रहा था, लेकिन स्वास्थ्य में अपेक्षित सुधार नहीं हो रहा था। इसी दौरान परिवार की मुलाकात आरोपियों से हुई। आरोपियों ने उपचार के बहाने परिवार का भरोसा जीत लिया।
इसके बाद 9 सितंबर को कथित तौर पर दंपति ने परिवार को अंधविश्वास के जाल में फंसाने की योजना बनाई। उन्होंने दावा किया कि घर में नागदेवता का वास है और जमीन के अंदर सोने से भरे तीन मटके दबे हुए हैं। आरोपियों ने परिवार को विश्वास दिलाया कि विशेष पूजा करने पर ये तीनों मटके बाहर निकाले जा सकते हैं।
नागपुर जिला में आरोपियों ने परिवार से कहा कि सोने के मटके निकालने की पूजा के दौरान घर में मौजूद सोने के आभूषण रखना जरूरी है। उनकी बातों पर भरोसा करते हुए परिवार ने करीब 2.55 लाख रुपये कीमत के सोने के गहने आरोपियों को सौंप दिए।
गहने हाथ लगते ही आरोपी दंपति वहां से निकलने की कोशिश करने लगा। परिवार को शक होने पर मामले की जानकारी पुलिस तक पहुंची। खापरखेड़ा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
नागपुर में गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सूरज रमेश ऐदानी और उसकी पत्नी शीला ऐदानी के रूप में हुई है। दोनों श्रीकृष्ण धाम, कोराडी के निवासी बताए गए हैं। नागपुर पुलिस ने आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को 13 सितंबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि दंपति ने इससे पहले भी इसी तरह अंधविश्वास का सहारा लेकर किसी अन्य परिवार को अपना निशाना बनाया है या नहीं। मामले की आगे जांच जारी है।