Nagpur School Admission Festival: नागपुर राज्य में प्राथमिक शिक्षा की सुविधाओं को मजबूत बनाने के लिए सरकार द्वारा विभिन्न प्रयास किए जा रहे हैं। पिछले कुछ वर्षों से बीएड और डीएड पाठ्यक्रमों में अत्यंत गुणवत्तापूर्ण विद्यार्थी प्रवेश ले रहे हैं। स्वाभाविक रूप से इनसे तैयार होने वाले नए शिक्षक प्रतिभाशाली हैं तथा नए युग, आधुनिक ज्ञान और बदलती शैक्षणिक आवश्यकताओं के अनुरूप कार्य करने में सक्षम हैं। जहां शिक्षक कल्पनाशील और अध्ययनशील होते हैं वहां सकारात्मक परिवर्तन स्पष्ट रूप से दिखाई देता है।
जिला परिषद की शालाओं में ऐसे शिक्षकों के हाथों विद्यार्थियों का भविष्य संवारा जा रहा है। इसी कारण अब सरकारी विद्यालय भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के क्षेत्र में चुनिंदा निजी संस्थानों के समकक्ष अपनी पहचान बना रहे हैं। यह कहना है शिक्षा राज्य मंत्री पंकज भोयर का।
गर्मी की छुट्टियों के बाद मंगलवार को नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत हुई। इस अवसर पर आयोजित शाला प्रवेशोत्सव के तहत सेवा सदन हाईस्कूल में आयोजित विशेष कार्यक्रम में वे बोल रहे थे।
इस अवसर पर संस्था की अध्यक्ष कांचन गडकरी, सचिव वासंती भागवत, शिक्षा उपनिदेशक डॉ. माधुरी सावरकर तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। भोयर ने बताया कि नागपुर संभाग की लगभग 23,000 शालाएं विद्यार्थियों को अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के माध्यम से सक्षम बनाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
इस अवसर पर संस्था की अध्यक्ष कांचन गडकरी ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ विद्यार्थियों का स्वास्थ्य भी उतना ही महत्वपूर्ण है। विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ अपने खानपान पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को फास्ट फूड की बजाय स्वदेशी भोजन को अपनाने के लिए प्रेरित करें और उसी प्रकार के संस्कार दें।
जेडपी के ज्ञान स्थ की सराहना ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों तक एआई, एआई एवं प्रौद्योगिकी आधारित प्रयोगशालाओं, विज्ञान और तकनीक संबंधी शिक्षा तथा आधुनिक तकनीक का आत्मविश्वास पहुंचाने के उद्देश्य से जिला परिषद द्वारा तैयार किए गए एआई बस ज्ञानरथ का भौयर ने अवलोकन किया।