Devendra Fadnavis Rahul Gandhi Vote Theft Allegation Attack: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और कथित ‘वोट चोरी के आरोपों को लेकर कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधा।
फडणवीस ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी संवैधानिक संस्थाओं को लेकर लोगों के मन में अविश्वास पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।
फडणवीस ने कहा कि SIR की प्रक्रिया में सभी राजनीतिक दलों को भाग लेने और मतदाता सूची पर आपत्ति दर्ज कराने का अवसर मिलता है। उनके मुताबिक, प्रत्येक बूथ पर राजनीतिक दल बूथ लेवल एजेंट (BLA) नियुक्त कर सकते हैं और मतदाता सूची के नामों पर दावे-आपत्तियां दर्ज कराई जा सकती हैं।
उन्होंने कहा कि यदि किसी पात्र मतदाता का नाम सूची में शामिल नहीं है तो उसके लिए दावा किया जा सकता है। इसी तरह, यदि किसी अपात्र व्यक्ति का नाम सूची में है तो उस पर भी आपत्ति दर्ज कराने की व्यवस्था है।
फडणवीस ने पश्चिम बंगाल में SIR को लेकर उठाए जा रहे सवालों का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि जिन क्षेत्रों में SIR के दौरान मतदाताओं की संख्या में बड़ी कमी आई, उनमें कम से कम 15 ऐसे क्षेत्र थे जहां तृणमूल कांग्रेस (TMC) के उम्मीदवार चुनाव जीते।
उन्होंने सवाल किया कि यदि SIR के जरिए भाजपा विरोधी मतदाताओं के नाम हटाए गए थे, तो इन क्षेत्रों में TMC उम्मीदवारों की जीत कैसे हुई।
राहुल गांधी के ‘वोट चोरी’ के आरोप पर फडणवीस ने कहा, “कोई वोट चोरी नहीं हुई है, राहुल गांधी का दिमाग चोरी हो गया है।” उन्होंने प्रधानमंत्री से ऐसी समिति बनाने की बात भी कही, जो उनके शब्दों में राहुल गांधी का “दिमाग ढूंढकर” वापस ला सके।
देवेंद्र फडणवीस ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी संविधान का हवाला देते हुए संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठा रहे हैं। उनके अनुसार, इससे इन संस्थाओं के प्रति जनता के भरोसे पर असर पड़ सकता है।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि SIR की प्रक्रिया में किसी पात्र मतदाता का नाम छूट जाता है, तो संबंधित व्यक्ति दावे या आपत्ति की प्रक्रिया के माध्यम से इसे सुधार सकता है।
SIR और मतदाता सूची को लेकर राहुल गांधी और विपक्ष की ओर से लगाए जा रहे आरोपों पर भाजपा नेताओं और निर्वाचन आयोग के बीच सार्वजनिक बहस जारी है। निर्वाचन आयोग ने हाल में SIR से जुड़े महत्वपूर्ण फैसलों को सर्वसम्मति से लिए जाने की बात कही है।