Raj Thackeray Meet Devendra Fadnavis: महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) परीक्षा में कथित धांधली को लेकर पुणे में चल रहे आंदोलन और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष भाजपा सरकार पर हमलावर है। इस बीच महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात के बाद मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने सकारात्मक संकेत देते हुए राज्य के लाखों अभ्यर्थियों को आश्वस्त किया है कि जल्द ही MPSC छात्रों के रोजगार और उनकी चिंताओं को लेकर कोई बड़ी खुशखबरी सामने आ सकती है।
राज ठाकरे ने अपने आधिकारिक 'एक्स' हैंडल पर पोस्ट साझा करते हुए लिखा, "जय महाराष्ट्र! जब मैं 5 अक्टूबर को पुणे में MPSC का विरोध कर रहे छात्रों से मिला था, तो मैंने उन्हें भरोसा दिलाया था कि मैं उनकी जायज मांगों को लेकर मुख्यमंत्री से बात करूंगा। अपने घर, गांव, तालुका और परिवार को छोड़कर सिर्फ एक सरकारी नौकरी के लिए दिन-रात मेहनत कर रहे युवाओं को सड़क पर संघर्ष करते देखना बेहद दुखद है।"
राज ठाकरे ने आगे बताया कि शुक्रवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ इस गंभीर मुद्दे पर विस्तार से चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का रुख पूरी तरह से सकारात्मक था। मुझे उम्मीद है कि आने वाले दिनों में MPSC छात्रों की नौकरी को लेकर अच्छी खबर मिलेगी। मैं छात्रों से धैर्य बनाए रखने का आग्रह करता हूं।
बता दें कि महाराष्ट्र में एमपीएससी परीक्षा में कथित अनियमितताओं और आयोग से जुड़े अन्य मुद्दों पर छात्र आक्रोशित हैं। पुणे में पिछले 7 दिनों से आंदोलन चल रहा है। छात्र MPSC अध्यक्ष विवेक भीमनवार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
वहीं दूसरी ओर विपक्ष भारतीय चुनाव आयोग के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग रहा है। इसे लेकर राज ठाकरे और उद्धव ठाकरे ने मुंबई में 4 अक्टूबर को प्रदर्शन भी किया था। इस विरोध के बीच राज ठाकरे की सीएम फडणवीस से मुलाकात ने राज्य के सियासी गलियारों में हलचल तेज कर दी है।
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों के बढ़ते विरोध को देखते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार को औपचारिक रूप से राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा से सिफारिश की कि वे एक उच्च-स्तरीय जांच समिति बनाएं।
यह समिति संविधान के अनुच्छेद 317 के तहत महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) के मौजूदा और पूर्व सदस्यों और अध्यक्षों के खिलाफ कार्रवाई शुरू करने के लिए जांच करेगी।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने प्रस्ताव दिया कि हाईकोर्ट के एक रिटायर्ड जज की अध्यक्षता वाली समिति इन आरोपों की जांच करे और आगे की कार्रवाई तय करने के लिए तीन महीने के भीतर एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपे। सीएम फडणवीस ने बताया कि एमपीएससी के उन अधिकारियों को हटाने के लिए एक सख्त प्रक्रिया का पालन करना होता है जो संवैधानिक पदों पर हैं।