MMR Longest Metro Line: देश की आर्थिक राजधानी मुंबई एवं उसके आसपास एमएमआर के प्रमुख शहरों को मेट्रो से जोड़ने का काम तेज गति से चल रहा है। मुंबई से ठाणे मेट्रो 4 और उसके आगे भिवंडी,कल्याण एवं उल्हासनगर जैसे शहरों को जोड़ने के लिए विस्तारित मेट्रो लाइन 5 को मंजूरी दी गई है।
मुंबई इन मिनट्स विज़न को गति देने के उद्देश्य से एमएमआर की सबसे बड़ी मेट्रो परियोजनाओं में मेट्रो लाइन 5 का समावेश किया गया है। विस्तारित चरणों को मंजूरी मिलने के बाद इस कॉरिडोर की कुल लंबाई अब 34.21 किमी हो गई है। अब यह एमएमआर की सबसे बड़ी मेट्रो कॉरिडोरों में शामिल हो गई है। उल्लेखनीय है कि इस मेट्रो के माध्यम से मुंबई, ठाणे, भिवंडी,कल्याण व उल्हासनगर जैसे 5 बड़े शहरों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
मेट्रो लाइन 5 अब एक महत्वपूर्ण चरण में पहुंच गई है। इस प्रोजेक्ट का पहला चरण (Phase 1) अब CMRS निरीक्षण चरण की ओर तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। जो इसके शुरू होने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हो रहा है। मेट्रो 5 ठाणे-भिवंडी के बीच खाड़ी पार करते हुए दौड़ेगी। उसके बाद भिवंडी कल्याण के बीच भी उसे दुर्गाडी के पास बड़ी नदी और खाड़ी को पार करना होगा।
मेट्रो लाइन का 5 ए के रूप में विस्तार होने से ठाणे, भिवंडी, कल्याण, उल्हासनगर और आसपास के उभरते विकास केंद्रों के बीच संपर्क व्यवस्था को बड़े पैमाने पर मजबूत करेगा। इससे पहले मेट्रो लाइन 5 की लंबाई 22.38 किमी थी और 11.83 किमी लंबी मेट्रो लाइन 5 ए के शामिल होने के बाद इस पूरे कॉरिडोर की कुल लंबाई अब 34.21 किमी हो जाएगी। विस्तारित मेट्रो लाइन 5 परियोजना की कुल अनुमानित लागत 18,130 करोड़ है। इस वर्ष के अंत तक चरण पहला शुरू होने के बाद इस पूरे क्षेत्र की यात्रा अधिक तेज और सुविधाजनक हो जाएगी। नई मंजूरियों के बाद इस कॉरिडोर का दायरा और प्रभाव दोनों बढ़ गए हैं।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के अनुसार कहा मेट्रो लाइन 5 मुंबई महानगर क्षेत्र के लिए बेहद महत्वपूर्ण परियोजना है। विशेषकर भिवंडी और कल्याण-डोंबिवली क्षेत्र के लिए,जो इस क्षेत्र के सबसे महत्वपूर्ण आर्थिक केंद्रों में से हैं। एशिया के सबसे बड़े टेक्सटाइल और वेयरहाउसिंग हब में शामिल भिवंडी तथा 35 लाख से अधिक आबादी वाले कल्याण-डोंबिवली क्षेत्र को तेज और सक्षम सार्वजनिक परिवहन की आवश्यकता थी। यह विस्तारित मेट्रो कॉरिडोर इन विकास केंद्रों को उपनगरीय रेलवे और प्रमुख राजमार्गों से जुड़कर लाखों नागरिकों की यात्रा को अधिक सुरक्षित, तेज और सुविधाजनक बनाएगा। इससे पूरे क्षेत्र का परिदृश्य बदल जाएगा।
डिप्टी सीएम व एमएमआरडीए के अध्यक्ष एकनाथ शिंदे ने कहा, कि 34 किमी से अधिक लंबाई वाली मेट्रो लाइन 5 अब एमएमआर की सबसे बड़ी मेट्रो कॉरिडोरों में शामिल हो रही है। ठाणे, भिवंडी, कल्याण और उल्हासनगर को जोड़ने वाला यह कॉरिडोर पूर्वी क्षेत्र की कनेक्टिविटी को नई मजबूती देगा। भिवंडी के औद्योगिक और वेयरहाउसिंग हब तथा घनी आबादी वाले कल्याण-डोंबिवली क्षेत्र को इससे बड़ा लाभ मिलेगा। उपनगरीय रेलवे और प्रमुख राजमार्गों से जुड़ाव के कारण लाखों कामगारों, व्यापारियों और नागरिकों के लिए यह कॉरिडोर बेहद उपयोगी साबित होगा।
एमएमआरडीए कमिश्नर डॉ. संजय मुखर्जी ने कहा कि मेट्रो लाइन 5 फेज 1 का कार्य अब उन्नत चरण में पहुंच चुका है। स्टेशनों का निर्माण तेजी से चल रहा है, और इंफ्रास्ट्रक्चर धीरे-धीरे आकार ले रहा है। अब हम सीएमआरएस निरीक्षण की तैयारी कर रहे हैं। यह निरीक्षण परियोजना शुरू करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण चरण होता है। कॉरिडोर शुरू होने के बाद ‘मुंबई इन मिनट्स’ विज़न को बड़ी गति मिलेगी और इस क्षेत्र में यात्रा समय में उल्लेखनीय कमी आएगी।
चरण 1 के तहत ठाणे से धामणकर नाका तक लंबाई 11.9 किमी है। इनमें बालकुम, कशेली, काल्हेर, पूर्णा, अंजूरफाटा, धामणकर नाका 6 स्टेशन हैं। इसकी अनुमानित लागत 6,741 करोड़ है। महत्वपूर्ण प्रगति के रूप में कशेली मेट्रो कार डिपो में PVD के माध्यम से ग्राउंड इम्प्रूवमेंट, इंस्पेक्शन पिट और डिपो कंट्रोल सेंटर का कार्य तेजी से जारी है।
चरण 2 के तहत धामनकर नाका से दुर्गाड़ी तक 10.48 किमी लंबा मेट्रो मार्ग। इस मार्ग पर 1 भूमिगत और 5 एलिवेटेड स्टेशन होंगे। स्टेशनों के नाम भिवंडी (भूमिगत), टेमघर, राजनोली, गोवे गांव, कोनगांव (पूर्व), कोनगांव (पश्चिम) हैं। इडकी अनुमानित लागत 7,326 करोड़ रुपए है।
चरण 3 के तहत मेट्रो 5 ए दुर्गाड़ी-खड़कपाड़ा-भोईरवाड़ी- कल्याण तथा उल्हासनगर कनेक्टिविटी वाली 11.83 किमी लंबी मेट्रो होगी। सभी 7 स्टेशन जिनमें दुर्गाड़ी, खड़कपाड़ा, भोईरवाड़ी, छत्रपति शिवाजी महाराज पथ, शांतिनगर, छत्रपति शिवाजी महाराज चौक, उल्हासनगर एलिवेटेड होंगे। इसकी अनुमानित लागत 4,063 करोड़ है।
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मेट्रो लाइन 5 को अन्य परिवहन साधनों से जोड़ते हुए एक एकीकृत कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जा रहा है। मेट्रो लाइन 4 में बालकुम (कापूरबावड़ी) से जुड़ेगी। मेट्रो लाइन 12 में कल्याण जंक्शन से जुड़ेगी। इसके साथ मध्य रेल के उपनगरीय रेलवे स्टेशनों ठाणे, कल्याण, विठ्ठलवाड़ी और उल्हासनगर से कनेक्टिविटी होगी। लास्ट माइल सुविधा के लिए सभी स्टेशनों पर फीडर बस सेवा उपलब्ध होगी। इसके साथ मुंबई नाशिक नेशनल हाइवे एवं अन्य महामार्ग से भी कनेक्टिविटी होगी।