एकनाथ शिंदे, अमित शाह व देवेंद्र फडणवीस (सोर्स: सोशल मीडिया) 
मुंबई

शाह फॉर्मूले में शिंदे को शह: विधान परिषद चुनाव में 11 सीटों के साथ BJP बनी बड़ा भाई, शिंदे और पवार बैकफुट पर

महाराष्ट्र Vidhan Parishad Election में 17 सीटों के लिए महायुति का सीट शेयरिंग फॉर्मूला तय। जानें अमित शाह के साथ बैठक के बाद बीजेपी, शिवसेना (शिंदे) और राकां (अजीत पवार) को कितनी सीटें मिली हैं?

गोरक्ष पोफली

Maharashtra Vidhan Parishad Election: महाराष्ट्र विधान परिषद (विप) की 17 सीटों पर होने वाले आगामी चुनाव के लिए महायुति का बहुप्रतीक्षित सीट शेयरिंग फॉर्मूला आखिरकार सामने आ गया है। सीटों के बंटवारे को लेकर महायुति के घटक दलों के बीच चल रही लंबी खींचतान और रस्साकशी को खत्म करने के लिए खुद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और दोनों उपमुख्यमंत्री दिल्ली पहुंचे हैं। वहां केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के साथ हुई इस उच्च स्तरीय बैठक में इस विवाद को पूरी तरह सुलझा लिया गया है।

सूत्रों का दावा है कि शाह द्वारा तय किए गए नए फॉर्मूले में उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को बैकफुट पर आना पड़ा है और इस चुनाव में बीजेपी एक बार फिर सबसे बड़े भाई की भूमिका में उभरकर सामने आई है। कहा जा रहा है कि दिल्ली में हुए समझौते के बाद महायुति के बीच सीटों का अंतिम समीकरण तय हो गया है। इस फॉर्मूले के तहत कुल 17 सीटों में से भारतीय जनता पार्टी सबसे ज्यादा 11 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। वहीं उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की शिवसेना के खाते में 4 सीटें गई हैं और उप मुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के नेतृत्व वाली राकां को केवल 2 सीटों से संतोष करना पड़ा है। इस फॉर्मूले पर अगले 24 घंटों में आधिकारिक मुहर लग जाएगी और महायुति के शीर्ष नेता इसकी औपचारिक घोषणा करेंगे।

रणनीतिक समझौता और क्षेत्रीय समीकरण

महायुति के अंदरूनी मतभेदों को दूर करने के लिए नेताओं ने एक बेहद महत्वपूर्ण और रणनीतिक समझौते का रास्ता अपनाया है। इस रणनीति के तहत रायगढ़-रत्नागिरी-सिंधुदुर्ग स्थानीय स्वराज्य संस्था निर्वाचन क्षेत्र की महत्वपूर्ण सीट राकां (अजित पवार) को देने का फैसला किया गया है। इस सीट से राकां के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे के पुत्र अनिकेत तटकरे को उम्मीदवार बनाए जाने की प्रबल संभावना है।

राकां को यह सीट देने के बदले में रायगड के पालक मंत्री का पद शिवसेना के भरत गोगावले को सौंपने का निर्णय लिया गया है। शिवसेना को ठाणे, नाशिक, यवतमाल और परभणी जैसी सीटें मिलने की उम्मीद है, जबकि राकांपा रायगढ़ और अहिल्यानगर से चुनाव लड़ सकती है। इसके अलावा बीजेपी पुणे, नागपुर, सोलापूर, जलगाव, नांदेड और अमरावती सहित कुल 11 क्षेत्रों में अपने उम्मीदवार उतारेगी।

कठीन पेपर खत्म

इस पूरे मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि महायुति के घटक दलों के बीच लगभग पूरा एकमत बन चुका है। सीटों के बंटवारे को लेकर अब कोई बड़ा गतिरोध नहीं बचा है। उन्होंने मीडिया से संवाद करते हुए एक मजाकिया लहजे में कहा कि सीटों के बंटवारे का कठीण पेपर अब पूरी तरह से खत्म हो चुका है और सिर्फ सरल पेपर ही बाकी बचा है। अब केवल अंतिम सूची पर सही होना बाकी है, जिसके बाद आगामी दो से तीन दिनों के भीतर सभी उम्मीदवारों के नामों की घोषणा भी कर दी जाएगी।

18 जून को मतदान

25 मई को अधिसूचना जारी होने के बाद 1 जून तक नामांकन दाखिल किए जा सकते हैं। 18 जून को मतदान और 22 जून को मतगणना होगी। अगले 24 घंटों में आधिकारिक फॉर्मूला और 2 से 3 दिनों में उम्मीदवारों के नाम घोषित होने की संभावना है।

Delhi CJP Protest: CEC के खिलाफ फिर जुटे प्रदर्शनकारी, कनॉट प्लेस से किए गए डिटेन

कानून का पालन नहीं करती CJP, दिल्ली पुलिस ने बताया क्यों नहीं दी प्रदर्शन की अनुमति?

दिल्ली पुलिस के दावे पर दिपके का पलटवार; बोले- कोई बॉन्ड नहीं भरा, कहा CEC के इस्तीफे तक जारी रहेगी जंग

दादी के निधन पर फोन देने से इनकार! अभिजीत दिपके ने नागपुर एयरपोर्ट पहुंच खोला दिल्ली पुलिस का कच्चा चिट्ठा

हिटलर ने भी अंतिम समय में यही किया था... दिल्ली के हालात पर संजय राउत का बड़ा हमला, PM मोदी को बताया मोगैंबो