मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (डिजाइन फोटो) 
मुंबई

Jal Jeevan Mission: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य कोष से दिए 22,898 करोड़ रुपए, अब नहीं रुकेगा जल जीवन मिशन का काम

Maharashtra Jal Jeevan Mission Fund: फंड की कमी से जूझ रहे 'जल जीवन मिशन' को रफ्तार देने के लिए महाराष्ट्र सरकार ने अपने बजट से 22,898 करोड़ रुपए की भारी-भरकम अतिरिक्त राशि को मंजूरी दे दी है।

आकाश मसने

Maharashtra Government Allocates Jal Jeevan Mission Fund: महाराष्ट्र में पानी की किल्लत दूर करने वाली महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को समय पर पूरा करने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अगुवाई में हुई कैबिनेट बैठक में जल जीवन मिशन के लिए 22,898 करोड़ से अधिक का अतिरिक्त फंड अलॉट करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया।

महाराष्ट्र में चल रही पेयजल परियोजनाओं के सामने फंड की कमी के कारण देरी का संकट खड़ा हो गया था। इस गतिरोध को तोड़ने के लिए राज्य सरकार ने केंद्र से मिलने वाली तय हिस्सेदारी के अलावा, सीधे अपने राजकीय कोष से 22,898 करोड़ रुपए जारी करने का फैसला किया है।

बजट संकट के बीच पानी के लिए बड़ा आवंटन

दिलचस्प बात यह है कि यह फैसला ऐसे समय में आया है जब राज्य सरकार ने हाल ही में विधानसभा में 97,706.40 करोड़ रुपए की भारी-भरकम पूरक मांगें पेश की हैं। वित्तीय दबाव के बावजूद पेयजल जैसी बुनियादी जरूरत को प्राथमिकता दी गई है।

जल जीवन मिशल के लिए कुल 44,000 करोड़ का फंड

एक अधिकारी ने बताया कि महाराष्ट्र में जल जीवन मिशन के लिए कुल उपलब्ध धनराशि लगभग 44,000 करोड़ रुपए होगी। इसमें से 11,000 करोड़ रुपए केंद्र सरकार देगी और राज्य सरकार भी उतनी ही धनराशि देगी। शेष 22,898 करोड़ रुपए राज्य सरकार अपने कोष से वहन करेगी। मिली जानकारी के अनुसार, 22,898 करोड़ रुपए की राशि कई प्रमुख तकनीकी, संरचनात्मक और सामुदायिक पहलों में वितरित की गई है।

किस योजना को कितना फंड मिल

  • रेट्रोफिटिंग योजनाएं: 10,079.53 करोड़ रुपए
  • संशोधित जल आपूर्ति योजनाएं: 8,233.23 करोड़ रुपए
  • सामुदायिक सहभागिता: 2,337.62 करोड़ रुपए
  • पानी की गुणवत्ता जांच: 1,138.60 करोड़ रुपए
  • इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) पहल: 692.00 करोड़ रुपए
  • इलेक्ट्रोक्लोरीनेशन इकाइयां: 328.63 करोड़ रुपए
  • राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम: 89.04 करोड़ रुपए

अंतिम चरण की परियोजनाओं को मिलेगी रफ्तार

महाराष्ट्र सरकार का मुख्य फोकस उन योजनाओं को तुरंत चालू करना है जो लगभग पूरी हो चुकी हैं ताकि ग्रामीणों को तुरंत इसका लाभ मिले। 75 प्रतिशत से 99 प्रतिशत तक पूर्ण हो चुकी योजनाओं के लिए राज्य सरकार अपने कोष से 5,934 करोड़ रुपए उपलब्ध कराएगी ताकि इन लगभग पूर्ण हो चुकी परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जा सके।

शत-प्रतिशत पूरी हो चुकी परियोजनाओं को अंतिम रूप देने के लिए राज्य के कोष से 3,769 करोड़ रुपए का आवंटन स्वीकृत किया गया है। दोनों श्रेणियों की परियोजनाओं के लिए सहायता घटकों और जल गुणवत्ता निगरानी के लिए 680 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत की गई है।

ग्रामीण इलाकों के लिए विशेष पैकेज

गांवों को इन परियोजनाओं का लाभ बिना किसी देरी के मिले यह सुनिश्चित करने के लिए मंत्रिमंडल ने उन योजनाओं को गति देने के लिए विशेष धनराशि आवंटित की है जो भौतिक रूप से पूर्ण होने के उन्नत चरणों में हैं। इसके अतिरिक्त, सरकार वित्त आयोग के आवंटन और अन्य अनुदानों के माध्यम से पूर्ण रूप से पूर्ण हो चुकी योजनाओं के लिए 543 करोड़ रुपए और 75 प्रतिशत से 99 प्रतिशत तक पूर्ण हो चुकी योजनाओं के लिए 816 करोड़ रुपए का सामुदायिक योगदान प्रदान करेगी।

आज की ताजा खबर 11 अगस्त LIVE: एक क्लिक में पढ़ें दिनभर की सभी बड़ी खबरें

Delhi Riots Case: अंकित शर्मा हत्याकांड केस में दिल्ली HC पहुंचे आरोपी, कड़कड़डूमा कोर्ट के फैसले को दी चुनौती

हरियाणा में अक्टूबर से शुरू होगा ‘सुधार उत्सव’, नागरिक देंगे सरकारी व्यवस्था सुधारने के सुझाव

मुंह पर पट्टी, मोबाइल टॉर्च...रांची की सड़कों पर छात्रों का अनोखा प्रदर्शन, निकाला 2 किमी लंबा मौन मार्च

धर्म और जीवनसाथी चुनना निजी हक, आगरा धर्मांतरण कांड में हाई कोर्ट का बड़ा फैसला; पुलिस की कार्रवाई पर उठा सवाल