Abhijit Dipke Jail Bharo Andolan Mumbai: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने 2 अक्टूबर को मुंबई में ‘जेल भरो आंदोलन’ का ऐलान किया है।
CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा है कि जब तक ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा नहीं देते, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। रिपोर्टों के मुताबिक, मुंबई पुलिस ने शिवाजी पार्क में प्रस्तावित प्रदर्शन को अनुमति नहीं दी है।
CJP ने मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ अपने विरोध का ऐलान किया है। पार्टी की ओर से SIR यानी Special Intensive Revision के तहत मतदाता सूची में कथित बदलाव और बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने को लेकर सवाल उठाए गए हैं।
CJP का दावा है कि इस प्रक्रिया में 13 करोड़ से अधिक मतदाताओं के नाम प्रभावित हुए हैं। यह पार्टी द्वारा किया गया दावा है; निर्वाचन आयोग ने SIR से जुड़े आरोपों को खारिज करते हुए अपने निर्णयों को एकमत से लिए जाने की बात कही है।
CJP ने गांधी जयंती के अवसर पर मुंबई के शिवाजी पार्क में प्रदर्शन की योजना बनाई थी। हालांकि, मुंबई पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया।
रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस ने हाई कोर्ट के निर्देश, स्थानीय अनुमति और यातायात व्यवस्था से जुड़े कारणों का हवाला दिया है। इसके बाद अभिजीत दिपके ने ‘जेल भरो आंदोलन’ की घोषणा की।
दिपके ने कहा कि प्रदर्शन को रोकने के लिए उन्हें कुछ दिनों या लंबे समय तक जेल में रखा जाए, फिर भी आंदोलन जारी रहेगा।
उन्होंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से प्रदर्शन को लेकर संयम बरतने की अपील की और जंतर-मंतर पर हुए एक पूर्व विरोध प्रदर्शन में पुलिस कार्रवाई का संदर्भ देते हुए अपनी चिंता व्यक्त की।
प्रदर्शन से पहले अभिजीत दिपके को मुंबई शहर के मरीन ड्राइव इलाके में समर्थकों के साथ तख्तियां लेकर देखे जाने के बाद पुलिस द्वारा कुछ समय के लिए हिरासत में लिए जाने की रिपोर्ट सामने आई है। जनसत्ता की रिपोर्ट के अनुसार, यह कार्रवाई 2 अक्टूबर के प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले हुई थी।
CJP ने 2 अक्टूबर के आंदोलन को लेकर अपनी तैयारियां जारी रखने की बात कही है। अब प्रदर्शन की अनुमति, पुलिस की कार्रवाई और CJP की आगे की रणनीति पर नजर रहेगी।