महाराष्ट्र कैबिनेट की बैठक में 40 और तालुकाओं में सूखे की स्थिति घोषित की गई है।
महाराष्ट्र में सूखे से प्रभावित तालुकों की कुल संख्या बढ़कर 305 हो गई है।
किसानों के खातों में त्योहार से पहले ₹5,000 की अग्रिम राहत राशि ट्रांसफर की जाएगी।
Maharashtra drought Relief: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य के किसानों को बड़ी राहत देते हुए सूखे से प्रभावित क्षेत्रों के लिए अहम फैसले लिए हैं। बुधवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में आयोजित राज्य कैबिनेट की बैठक में यह निर्णय लिया गया कि राज्य के 40 और तालुको में सूखे की स्थिति घोषित की जाएगी। इस नए फैसले के बाद अब महाराष्ट्र में सूखे से प्रभावित तालुकों की कुल संख्या बढ़कर 305 हो गई है।
कैबिनेट की बैठक के बाद प्रेस कॉफ्रेंस में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि महाराष्ट्र में सूखे की स्थिति को देखते हुए पहले 265 तालुकाओं में सूखा घोषित किया था। इसके बाद कुछ जगहों में शिकायतें सामने आई थी। अब ट्रिगर 1 और ट्रिगर 2 का जायजा लेने के बाद कुल 305 तालुकाओं में सूखा घोषित किया गया है। यानी 40 और तालुकाओं को सूखे की लिस्ट में जोड़ा गया है।
कैबिनेट बैठक में किसानों की इस संकट की घड़ी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ने एक बड़ी घोषणा की। सीएम फडणवीस ने बताया कि दिवाली के पावन पर्व से पहले सभी पात्र किसानों के बैंक खातों में ₹5,000 की अग्रिम राहत राशि सीधे जमा कर दी जाएगी। इस वित्तीय सहायता से किसानों को त्योहारी सीजन में कुछ राहत मिलने की उम्मीद है और वे अपनी जरूरी जरूरतें पूरी कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले 25 साल के इतिहास को देखे तो इससे पहले नंवबर के अंतिम में सूखा घोषित किया जाता था और दिसंबर में किसानों को मदद दी जाती था। लेकिन इस बार सितंबर में सूखा घोषित कर दिया गया है।
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि सरकार की ओर से जो भी मदद दी जानी है, वह दिवाली से पहले होना मुश्किल है, क्योंकि इसे लेकर जो भी प्रक्रिया पूरी की जाती और केंद्र सरकार की ओर से मदद के लिए बने कानूनों के कारण यह प्रकिया दिवाली से पहले होने संभंव नहीं है। इसलिए किसानों को अग्रिम मदद देने के लिए सरकार ने 5000-5000 रुपए देने को निर्णय किया है।
कैबिनेट की बैठक में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, मंत्री शंभूराज देसाई, कृषि मंत्री दत्तात्रय भरणे, शिवेंद्रसिंहराजे भोसलेख, आशीष जायसवाल समेत अन्य मंत्री मौजूद रहे।