Chhatrapati Sambhajinagar Development Fund Issue: छत्रपति संभाजीनगर शहर के विकास के लिए निधि उपलब्ध कराने और विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं की जांच कराने की मांग मनपा के विपक्षी नेता समीर साजिद बिल्डर ने शहर के दौरे पर आये मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात कर की।
उन्होंने मुख्यमंत्री को पत्र देकर शहर की प्रमुख समस्याओं से जुड़े मुद्दे सामने रखे हैं।
पत्र में कहा गया है कि पूर्व मंजूर विकास योजना के अनुसार शहर के कुछ प्रमुख मार्गों से अतिक्रमण हटाकर सड़क चौड़ीकरण का काम किया गया। हालांकि, इसके बाद कई स्थानों पर सड़क निर्माण और अन्य आवश्यक कार्य निधि के अभाव में लंबित हैं। इन कार्यों के लिए निधि उपलब्ध कराने की मांग की गई है।
समीर साजिद ने कहा कि महानगरपालिका क्षेत्र में घर-घर गैस पाइप लाइन तथा विभिन्न क्षेत्रों में जलापूर्ति के लिए महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के माध्यम से संबंधित कंपनी ने कई स्थानों पर सड़कें खोदी हैं। इससे सड़कों की स्थिति खराब हो गई है। सड़क मरम्मत के लिए निधि उपलब्ध नहीं होने से नागरिकों को परेशानी हो रही है। उन्होंने इन सड़कों की मरम्मत के लिए विशेष निधि देने का आग्रह किया।
प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को बैंक ऋण प्राप्त करने के लिए आवश्यक दस्तावेजों की कमी के कारण परेशानी उठानी पड़ रही है। पत्र में कहा गया है कि अनेक लाभार्थी आर्थिक रूप से कमजोर हैं। उनके पास आवश्यक आय संबंधी प्रमाणपत्र और ऋण से जुड़े दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे लाभार्थियों को दस्तावेजों के संबंध में छूट देने के लिए संबंधित विभाग को निर्देश देने की मांग की गई है।
बाजार क्षेत्र में हॉकर्स जोन क्षेत्र उपलब्ध नहीं होने का मुद्दा भी उठाया गया है। पत्र मे गरीब व्यापारी फुटपाथ पर ठेले लगाकर आजीविका चलाते हैं। उनका सामान जब्त कर कार्रवाई किए जाने पर आपत्ति जताते हुए मांग की गई है कि जब तक महानगरपालिका प्रशासन हॉकर्स जोन उपलब्ध नहीं कराता, तब तक गरीब व्यापारियों और ठेला चालकों पर कार्रवाई तथा जुर्माना नहीं लगाया जाए।
संभाजीनगर महानगरपालिका के लेखा विभाग द्वारा बाहरी कर्मचारियों की आपूर्ति करने वाली एजेंसियों को कथित तौर पर 22 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भुगतान किए जाने का आरोप भी पत्र में लगाया गया है। यह मामला लेखा परीक्षण रिपोर्ट में सामने आने का दावा किया गया है। विरोधी पक्ष नेता ने मामले की जांच के लिए संबंधित अधिकारियों को आदेश देने की मांग की।
चिकलथाना विमानतल से पडेगांव और मिटमिटा तक सड़क चौड़ीकरण के लिए कई लोगों के घर और इमारतें हटाई गई हैं। पत्र में कहा गया है कि लगभग डेढ़ वर्ष बीतने के बाद भी सड़क का काम अधूरा पड़ा है। इसके लिए निधि उपलब्ध कराने की मांग की गई है।
वर्ष 2026-27 के महानगरपालिका बजट में शहर के विभिन्न विकास कार्यों के लिए निधि का प्रावधान किए जाने के बावजूद विपक्षी नेता ने निधि वितरण में भेदभाव का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि भारतीय जनता पार्टी के पार्षदों के क्षेत्रों में विकास कार्यों के लिए लगभग एक से दो करोड़ रुपये तक अधिक निधि दी गई, जबकि एमआईएम के पार्षदों के क्षेत्रों के लिए बहुत कम निधि उपलब्ध कराई गई। इससे कई क्षेत्रों के विकास कार्य प्रभावित होने का दावा किया है।
उन्होंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, महापौर, आयुक्त और स्थायी समिति के सभापति के समक्ष सभी पार्षदों को समान आधार पर विकास निधि उपलब्ध कराने की मांग रखी है। पत्र में कहा गया है कि शहर का संतुलित विकास सुनिश्चित करने के लिए निधि वितरण में पक्षपात नहीं होना चाहिए। साथ ही उठाए गए सभी मामलों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई और भविष्य में समान निधि वितरण के लिए संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देने का आग्रह किया गया है।