Highlights:
उज्जैन जिले के खरसोद खुर्द में बिजली विभाग के लाइन स्टाफ से कथित मारपीट।
सिंचाई बिल की वसूली और टीसी जांच के दौरान उपभोक्ता पक्ष से हुआ विवाद।
कर्मचारियों ने अर्जुन पंड्या, श्याम पंड्या और तीन महिलाओं पर आरोप लगाए।
कर्मचारियों ने इंगोरिया थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
बिजली विभाग की शिकायत पर पुलिस ने आठ धाराओं में केस दर्ज किया।
Ujjain Electricity Staff Assault : उज्जैन जिले के खरसोद खुर्द में बिजली विभाग के लाइन स्टाफ के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है। घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कुछ लोग बिजली विभाग के कर्मचारियों के साथ मारपीट करते दिखाई देने की बात कही जा रही है।
जानकारी के अनुसार, खरसोद खुर्द वितरण केंद्र में पदस्थ लाइन स्टाफ ईश्वर सिंह भिलाला अपने साथियों के साथ सिंचाई बिल की वसूली और टीसी की जांच के लिए फील्ड में गए थे। इसी दौरान उपभोक्ता पक्ष के लोगों से विवाद हो गया।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, फील्ड में कार्रवाई के दौरान अर्जुन पंड्या, श्याम पंड्या और तीन महिलाओं के साथ कर्मचारियों का विवाद हुआ। कर्मचारियों का आरोप है कि उनके साथ गाली-गलौज कर मारपीट की गई। बताया गया कि जब लाइन स्टाफ ने नियमानुसार स्टार्टर जब्त करने की बात कही, तो विवाद बढ़ गया। घटना में दो पुरुषों और तीन महिलाओं के शामिल होने की बात सामने आई है। कर्मचारियों को घसीट-घसीटकर पीटा गया।
घटना के बाद खरसोद खुर्द वितरण केंद्र के कर्मचारी एकजुट होकर इंगोरिया थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज कराते हुए संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि एफआईआर दर्ज कराने के दौरान राजनीतिक दबाव बनाया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि शिकायत दर्ज कराने पर अधिकारियों और पूरे स्टाफ के लिए परिणाम ठीक नहीं होने की धमकी दी गई। कर्मचारियों के मुताबिक, कार्रवाई में देरी हुई और रात करीब 8:15 बजे एफआईआर दर्ज की गई।
मामले की जानकारी मिलने के बाद बिजली विभाग के बड़नगर संभाग के अधिकारी भी इंगोरिया थाने पहुंचे। इस दौरान सहायक यंत्री सौरभ गोस्वामी, कैलाश कुमावत, अनिल प्रताप सिंह, महेश वर्मा और हरीश सूर्यवंशी सहित कार्यपालन यंत्री रजनीश रंजन यादव मौजूद रहे। अधिकारियों की मौजूदगी में कर्मचारियों की शिकायत और कार्रवाई से जुड़े मुद्दों पर ध्यान दिया गया। घटना के बाद ड्यूटी के दौरान बिजली विभाग के कर्मचारियों की सुरक्षा का सवाल भी उठाया गया।
बिजली विभाग के अधिकारियों की शिकायत पर इंगोरिया पुलिस ने आठ अलग-अलग धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। घटना से जुड़ा वीडियो भी चर्चा में है, जिसमें कुछ लोग कर्मचारियों के साथ मारपीट करते दिखाई देने की बात कही जा रही है। उज्जैन पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही विवाद की पूरी स्थिति और इसमें शामिल लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।