मैहर में पीएम श्री विद्यालय में कथित शुद्धिकरण के आरोप के बाद बवाल (सोर्स- सोशल मीडिया)
मैहर

मैहर में PM श्री स्कूल में जल छिड़काव को लेकर विवाद, भीम आर्मी ने किया प्रदर्शन; कक्ष के 'शुद्धिकरण' का आरोप

Bhim Army Protest Maihar: पीएमश्री स्कूल में पदभार ग्रहण के दौरान प्राचार्य कक्ष में जल छिड़काव से मचा बवाल, पूर्व दलित प्राचार्य की कुर्सी के शुद्धिकरण का आरोप लगाकर भीम आर्मी ने किया प्रदर्शन।

अर्पित पाण्डेय, सजल रघुवंशी

Maihar PM Shri School Controversy: मैहर के अमरपाटन तहसील के करही स्थित शासकीय पीएम श्री उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में नवपदस्थ प्रभारी प्राचार्य द्वारा पदभार ग्रहण करने के दौरान प्राचार्य कक्ष में जल का छिड़काव किए जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। मामले को लेकर भीम आर्मी ने विद्यालय के मुख्य द्वार पर करीब एक घंटे तक प्रदर्शन कर विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों ने मौके पर पहुंचे तहसीलदार को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच और प्रभारी प्राचार्य के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

जानकारी के अनुसार विद्यालय के तत्कालीन प्राचार्य रामसखा वर्मा 30 सितंबर को सेवानिवृत्त हुए थे। उनके सेवानिवृत्त होने के बाद विद्यालय के वरिष्ठ शिक्षक रामसखेंद्र द्विवेदी को प्रभारी प्राचार्य का दायित्व सौंपा गया। इसी दौरान प्राचार्य कक्ष में पूजा-अर्चना और जल छिड़काव का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसके बाद भीम आर्मी ने इसे लेकर आपत्ति जताई।

प्रभारी प्राचार्य रामसखेंद्र द्विवेदी जलपात्र लेकर कक्ष में छिड़काव करते नजर आए

सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में प्राचार्य कक्ष में कुर्सी पर मां सरस्वती की तस्वीर रखी दिखाई दे रही है। प्रभारी प्राचार्य रामसखेंद्र द्विवेदी पूजा-अर्चना करते हुए हाथ में जलपात्र लेकर कक्ष में जल का छिड़काव करते नजर आ रहे हैं। इस दौरान विद्यालय का अन्य स्टाफ भी मौजूद दिखाई देता है।

भीम आर्मी ने लगाया शुद्धिकरण का आरोप

वीडियो सामने आने के बाद भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने विद्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। संगठन के कार्यकर्ता सिद्धार्थ नालंदा ने आरोप लगाया कि पूर्व प्राचार्य अनुसूचित जाति वर्ग से आते थे और उनके सेवानिवृत्त होने के बाद नए प्रभारी प्राचार्य द्वारा उनकी कुर्सी और प्राचार्य कक्ष का कथित तौर पर गौमूत्र एवं गंगाजल से 'शुद्धिकरण' कराया गया। भीम आर्मी ने इसे दलित समाज के अपमान से जोड़ते हुए प्रभारी प्राचार्य के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

प्रभारी प्राचार्य बोले- आरोप निराधार

वहीं मामले में प्रभारी प्राचार्य रामसखेंद्र द्विवेदी ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया है। उनका कहना है कि 30 सितंबर को पूर्व प्राचार्य रामसखा वर्मा का पूरे सम्मान के साथ विदाई समारोह हुआ था और उन्होंने विधिवत प्रभार सौंपा था। इसके बाद 5 अक्टूबर को विद्यालय स्टाफ द्वारा पदभार ग्रहण करने के उपलक्ष्य में स्वागत कार्यक्रम रखा गया था।

प्रभारी प्राचार्य ने शुद्धिकरण और भेदभाव के आरोपों को किया खारिज

प्रभारी प्राचार्य के मुताबिक कार्यक्रम में मां सरस्वती की तस्वीर रखकर सामान्य रूप से पूजा-अर्चना की गई थी। पूजा के दौरान अर्पित किए गए पवित्र जल का ही कक्ष में छिड़काव किया गया। उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति की कुर्सी या कक्ष का शुद्धिकरण करने और भेदभाव करने का आरोप पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत है।

PM Modi 25 Years of Seva Live: जनसेवा के 25 साल पूरे, सेवा संकल्प की ली शपथ, अमित शाह ने गिनाई उपलब्धियां

PM Modi 25 Years: गरीब कल्याण से इंफ्रास्ट्रक्चर तक, गुरुग्राम में अमित शाह ने गिनाईं 25 साल की उपलब्धियां

पुश्तैनी संपत्ति बेचेंगे राजपाल यादव! कोर्ट में जमा किए 1.15 करोड़ के DD, बाकी रकम के लिए डेडलाइन फिक्स

Flydubai हमले के बाद कैप्टन स्मित मच्छार की खोपड़ी में डिप्रेस्ड फ्रैक्चर, सऊदी में हुई थी इमरजेंसी सर्जरी

फलाहारी महाराज के दावे निकले झूठे, विराट कोहली के प्रवक्ता ने दिया जवाब, प्रेमानंद महाराज से मिलने की बताई वजह