ABVP Protest Over Poor College Facilities: इंदौर में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओ ने शासकीय महाविद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं की कमी को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में एबीवीपी कार्यकर्ता कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और कॉलेजों की व्यवस्थाओं को लेकर जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने कलेक्टर कार्यालय के बाहर लगी बैरिकेडिंग को धक्का दिया और परिसर में प्रवेश कर गए। कार्यकर्ताओं ने चैनल गेट को तोड़ने का प्रयास करते हुए अंदर जाने का प्रयास भी किया। इस दौरान मौके पर कुछ देर के लिए हंगामे की स्थिति बनी रही।
प्रदर्शन के बाद एबीवीपी पदाधिकारियों ने उच्च शिक्षा मंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के जरिए शासकीय महाविद्यालयों में विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण और जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की गई। एबीवीपी ने कॉलेजों में स्वच्छ और पर्याप्त पेयजल, सुरक्षित शौचालय, पर्याप्त फर्नीचर और बेहतर प्रकाश व्यवस्था उपलब्ध कराने की मांग की। परिषद का कहना है कि विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए बुनियादी सुविधाएं मिलना बेहद जरूरी है।
ज्ञापन में कॉलेजों की लाइब्रेरी में पर्याप्त किताबें उपलब्ध कराने के साथ ई-लाइब्रेरी की सुविधा शुरू करने की मांग की गई। इसके अलावा प्रयोगशालाओं का उन्नयन और विद्यार्थियों के लिए बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने की भी मांग रखी गई। एबीवीपी ने कॉलेज परिसरों में नियमित सफाई, कचरा निस्तारण, सीसीटीवी कैमरा और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की। इसके साथ ही व्यवस्थित पार्किंग, इंटरनेट और वाई-फाई जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही।
परिषद ने दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए सुगम प्रवेश मार्ग, प्राथमिक उपचार की व्यवस्था और विद्यार्थी सहायता केंद्र शुरू करने की मांग की। वहीं छात्राओं के लिए कॉमन रूम की सुविधा उपलब्ध कराने की भी मांग रखी गई।
एबीवीपी कार्यकर्ता ने सभी शासकीय महाविद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण और रियायती दरों पर कैंटीन उपलब्ध कराने की मांग की। इसके अलावा विद्यार्थियों के लिए बस सुविधा और विवेकानंद करियर गाइडेंस सेल को प्रभावी बनाने की मांग भी की गई।
एबीवीपी ने कहा कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ बेहतर शैक्षणिक वातावरण और मूलभूत सुविधाएं मिलना उनका अधिकार है। परिषद ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।