Uttarkashi Cloudburst: उत्तराखंड के उत्तरकाशी में धराली गांव में बादल फटने से मची तबाही के बीच एक ऐसा दृश्य सामने आया जिसने सबको चौंका दिया। मिट्टी, पानी और पत्थरों के मलबे में दबे एक युवक का जिंदा बाहर निकलना किसी चमत्कार से कम नहीं था। वीडियो में युवक गिरते-पड़ते झाड़ियों की ओर आता दिखता है, और लोग उसकी हौसलाअफजाई करते नजर आते हैं। जहां मौत ने चारों ओर घेरा था, वहीं इस जीवन की झलक ने उम्मीद की एक किरण जगा दी है।
यह हादसा आज दोपहर उत्तरकाशी की हर्षिल घाटी के पास बसे धराली गांव में हुआ, जहां अचानक बादल फटने से पूरा इलाका मलबे में तब्दील हो गया। गांव के घर, दुकानें और होटल मलबे में समा गए। खीर गंगा नदी में उफान आ गया और मलबे के नीचे 50 से ज्यादा लोगों के दबे होने की आशंका जताई जा रही है। अभी तक 4 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। राहत और बचाव कार्य तेजी से जारी है।
घटनास्थल से वायरल हुए वीडियो में एक युवक मिट्टी और पत्थरों के ढेर से खुद को बाहर निकालता दिखता है। थका-हारा, डरा हुआ, लेकिन जिंदा। गिरते-पड़ते वह झाड़ियों की ओर बढ़ता है, और वहां मौजूद लोग उसकी हिम्मत बढ़ाते हैं। यह पल इतना भावुक था कि देखने वालों की आंखें नम हो गईं। जहां मलबे ने पूरे गांव को निगल लिया, वहीं यह युवक जीता-जागता उदाहरण बन गया कि कभी-कभी किस्मत मौत से भी बड़ी होती है। अभी तक उसकी पहचान सार्वजनिक नहीं हुई है, लेकिन वह अब उम्मीद का चेहरा बन गया है।
SDRF, NDRF, ITBP, सेना और जिला प्रशासन की टीमें युद्धस्तर पर राहत कार्य में लगी हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह हालात पर नजर बनाए हुए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर शोक जताते हुए तेजी से राहत पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भी X पर संवेदना जताई और कार्यकर्ताओं से मदद की अपील की। सोशल मीडिया पर इस आपदा के वीडियो तेज़ी से वायरल हो रहे हैं।
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धराली गांव की इस विनाशकारी आपदा में जहां चारों ओर तबाही का मंजर था, वहीं एक युवक का मलबे से जीवित निकल आना एक अद्भुत चमत्कार बन गया है। यह घटना न सिर्फ बचाव कर्मियों के हौसले को बढ़ाने वाली है, बल्कि यह दर्शाती है कि इंसानी जिजीविषा भी कितनी मजबूत हो सकती है। प्रशासन राहत कार्य में जुटा गया है, और देशभर से संवेदनाएं मिल रही हैं। लेकिन इस युवक की कहानी अब एक उम्मीद बन गई है, जो इस त्रासदी के बीच जीवन की जीत की कहानी कहती है।