Mallikarjun Kharge News: विपक्ष के हंगामे के बाद शुक्रवार को राज्यसभा की कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित कर दी गई। इस बीच, राज्यसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। खड़गे ने उपसभापति हरिवंश को पत्र लिखकर गुरुवार को सदन में लोकतांत्रिक विरोध के दौरान सीआईएसएफ कर्मियों को वेल में बुलाने पर आपत्ति जताई। उन्होंने इसे संसदीय परंपरा और लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन बताया है।
खड़गे द्वारा लिखे गए पत्र को कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने सोशल मीडिया पर शेयर किया है। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, 'राज्यसभा के सभापति के अचानक और अभूतपूर्व इस्तीफे के बाद, अब हम राज्यसभा सदन पर सीआईएसएफ कर्मियों का कब्जा देख रहे हैं। राज्यसभा में विपक्ष के नेता ने इस चौंकाने वाले घटनाक्रम पर राज्यसभा के उपसभापति को पत्र लिखा है।'
मल्लिकार्जुन खरगे ने पत्र में लिखा कि “मैं राज्यसभा में सभी विपक्षी पार्टियों की तरफ से आप को पत्र लिख रहा हूं। हमें ये देखकर आश्चर्य और दुख हुआ कि CISF के कर्मचारियों को सदन के वेल में उस वक्त भेजा गया, जब सदस्य अपने लोकतांत्रिक प्रदर्शन के अधिकार का इस्तेमाल कर रहे थे”।
खरगे ने आगे लिखा कि ये हमने कल देखा और आज भी देखा। नेता विपक्ष ने सवाल उठाया कि क्या हमारा संसद इस स्तर तक गिर गया है? ये सबसे निंदनीय है और हम इसे पूरी तरह से निंदा करते हैं। उन्होंने आगे कहा कि हम आशा करते हैं कि भविष्य में सीआईएसएफ के कर्मचारी तब सदन के कुएं में नहीं आएंगे, जब सदस्य जनहित के महत्वपूर्ण मुद्दे उठा रहे हों।
बता दें कि संसद के मॉनसून सत्र के दौरान विपक्षी दल ऑपरेशन सिंदूर, बिहार में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण सर्वे को रद्द करने की मांग को लेकर लगातार हंगामा कर रहे हैं। साथ ही शुक्रवार को विपक्षी दलों के नेताओं ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत पर टैरिफ लगाए जाने को लेकर मोदी सरकार पर सवाल उठाए। जिससे भी लोकसभा सदन नहीं चल सका। साथ ही राज्यसभा भी नहीं चला।