राहुल गांधी ने चुनाव आयोग के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की।
याचिका में मतदाता सूची से नाम हटाने और कथित अनियमितताओं पर सवाल उठाए गए।
राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खरगे, अखिलेश यादव और अन्य नेताओं के हस्ताक्षर होने की बात कही गई है।
Rahul Gandhi Petition Against Gyanesh Kumar: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोमवार (12 अक्टूबर) को चुनाव आयोग के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की। यह कदम मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस सूर्यकांत के विपक्षी नेताओं से मुलाकात करने से इनकार करने और उन्हें अदालत में याचिका दायर करने की सलाह देने के बाद उठाया गया है।
याचिका में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान बड़े पैमाने पर मतदाताओं के नाम हटाने और कथित अनियमितताओं के आरोप लगाए गए हैं। इसमें 'वोट चोरी' के आरोपों का हवाला देते हुए SIR पर रोक लगाने और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई है।
यह जनहित याचिका है, जिस पर इंडिया गठबंधन के कुल 11 नेताओं के हस्ताक्षर होने की बात कही गई है। हस्ताक्षर करने वालों में राहुल गांधी के अलावा कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, राजद नेता तेजस्वी यादव, तृणमूल कांग्रेस के नेता सौगत रॉय, शिवसेना के नेता संजय राउत और सीपीआईएम महासचिव एमए बेबी शामिल हैं।
याचिका में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया पर सवाल उठाए गए हैं। विपक्ष ने आरोप लगाया है कि इस प्रक्रिया के दौरान बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम हटाए गए और अनियमितताएं हुईं। याचिका में इन आरोपों के आधार पर अदालत से हस्तक्षेप करने की मांग की गई है।
विपक्ष की ओर से SIR पर रोक लगाने और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई गई है। अब याचिका पर आगे की कार्रवाई और सुनवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट का रुख महत्वपूर्ण होगा।
मुख्य न्यायाधीश ने रजिस्ट्री को निर्देश दिया है कि राहुल गांधी और विपक्षी नेताओं की याचिका में मौजूद तकनीकी त्रुटियों को आज ही ठीक करने का प्रयास किया जाए, ताकि याचिका को कल सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया जा सके। न्यूज एजेंसी IANS के सूत्रों के अनुसार, मंगलवार को CJI सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ इस याचिका पर सुनवाई कर सकती है।