मानसून सत्र की कार्यवाही सोर्स- IANS
देश

JPC को भेजा गया FCRA बिल, सदन में हंगामे के बीच सरकार का विपक्ष पर आरोप, कहा- देश में फैलाया जा रहा झूठ

Parliament Monsoon Session 2026: FCRA संशोधन विधेयक, 2026 जेपीसी को भेजा गया है। भारी हंगामे के बीच किरेन रिजिजू कहा कि विधेयक किसी अल्पसंख्यक या NGO के खिलाफ नहीं है।

अमन मौर्या

FCRA Amendment Bill 2026 Referred To JPC: केंद्र सरकार ने विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक (एफसीआरए), 2026 को संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) भेजने का निर्णय लिया है। बुधवार को इसका प्रस्ताव लोकसभा में रखा गया, जिसे सदन ने ध्वनिमत से पास किया। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बुधवार को लोकसभा में केंद्रीय गृह मंत्री की ओर से विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक (एफसीआरए), 2026 को जेपीसी को सौंपने का यह प्रस्ताव रखा।

इस प्रस्तावित संयुक्त समिति में लोकसभा से 21 और राज्यसभा से 10 सदस्य शामिल होंगे। समिति को विधेयक की जांच करने और शीतकालीन सत्र 2026 के पहले सप्ताह के आखिरी दिन तक अपनी रिपोर्ट सौंपने का काम सौंपा गया है।

अल्पसंख्यक और NGO को निशाना बनाने का आरोप

विपक्ष ने सरकार के इस प्रस्ताव का विरोध किया। कांग्रेस सांसद वेणुगोपाल ने कहा कि सरकार अल्पसंख्यकों और एनजीओ को निशाना बनाने की कोशिश कर रही है। हमारी मांग है कि सरकार इस बिल को वापस ले।

सरकार ने किया पलटवार

विपक्ष के आरोपों पर जवाब देते हुए केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि केसी वेणुगोपाल ने गलत बोला है। कई दिनों से कांग्रेस और अन्य दलों ने मांग की कि एफसीआरए संशोधन विधेयक को जेपीसी में भेजा जाए। जब इस महत्वपूर्ण बिल को जेपीसी में भेज रहे हैं तो विपक्ष को इस पर आपत्ति हो रही है।

रिजिजू ने कहा कि केसी वेणुगोपाल या अन्य सदस्य को इस बिल में आपत्तिजनक कुछ बिंदु लगने हैं तो जेपीसी में मत रख सकते हैं। इसमें उन्हें पर्याप्त समय मिलेगा।

इस विधेयक से किसी भी अल्पसंख्यक वर्ग को टारगेट नहीं किया जा रहा है। पूरे देश को सुरक्षित रखने के लिए नियम बना रहे हैं।
किरेन रिजिजू, केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री

पूरा विपक्ष इस बिल के खिलाफ: अखिलेश यादव

समाजवादी पार्टी अखिलेश यादव ने भी एफसीआरए संशोधन विधेयक का विरोध किया। उन्होंने कहा कि सरकार जो एफसीआरए ला रही है, इसके खिलाफ पूरा विपक्ष है। मंत्री (किरेन रिजिजू) ने बोला कि विधेयक अल्पसंख्यक वर्ग के खिलाफ नहीं है। मंत्री बताएं कि आज तक सरकार जो बिल लाई है, बिना अल्पसंख्यक वर्ग के खिलाफ वे कौन सा बिल लेकर आए?

देश में झूठ फैलाया जा रहा: रिजिजू

इस पर जवाब देते हुए रिजिजू ने कहा कि मैं जिम्मेदारी के साथ कहता हूं कि इस विधेयक में एक भी प्रावधान ऐसा नहीं है, जो अल्पसंख्यक वर्ग के खिलाफ है। अखिलेश यादव को चुनौती देते हुए रिजिजू ने कहा कि देश में झूठ फैलाया जा रहा है। किसी अल्पसंख्यक वर्ग को टारगेट करने का सवाल ही नहीं है। आप (विपक्ष) चाहते हैं कि विदेश का धन बिना कानून के ऐसे ही देश में लाकर खर्चा किया जाए, इसका कोई मतलब नहीं है।

इसके बाद लोकसभा ने 'विदेशी योगदान (विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026' को संसद की संयुक्त समिति (जेपीसी) को भेजने का प्रस्ताव पास किया।

एजेंसी इनपुट के साथ...

साला, भाई, भौजाई... सबकी JSSC में रैंक! कौन हैं अभय तिवारी, पोस्टर लेकर विधानसभा क्यों पहुंचे छात्र?

राज्यसभा में गूंजा आयुष्मान भारत का आर्थिक असर; भाजपा सांसद रजनीश अग्रवाल के सवाल पर सरकार का जवाब

NEET UG Paper Leak Case: राउज एवेन्यू कोर्ट ने CBI चार्जशीट पर लिया संज्ञान, कल से मामले पर होगी सुनवाई

प्रथम शहीद क्यों कहलाते हैं बाबू गेनू? जानें विदेशी कपड़ों के ट्रक के आगे सीना तानने वाले अमर शहीद की कहानी

कैश कहां से आया? जवाब नहीं दे पाए जस्टिस यशवंत वर्मा, जांच कमेटी की रिपोर्ट लेकसभा में पेश