Fact Check : सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X और फेसबुक पर कुछ पाकिस्तानी हैंडल्स द्वारा एक वीडियो शेयर किया जा रहा है, जिसमें रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के नाम से एक भड़काऊ बयान जोड़ा गया है। X पर @Aamir_Aali नामक अकाउंट ने 20 जनवरी 2026 को यह वीडियो शेयर किया।
प्रोफाइल के अनुसार यह यूज़र आइसलैंड में रहता है और पहले भी भारत-विरोधी कंटेंट साझा करता रहा है। इसके अलावा पाकिस्तान आधारित फेसबुक अकाउंट _VeteransAffair और एक अन्य फेसबुक ग्रुप अथर रहमान ने भी 21 जनवरी 2026 को यही वीडियो शेयर किया।
वीडियो की सच्चाई जानने के लिए हमने कीवर्ड्स के जरिए जांच की। राजनाथ सिंह के किसी भी आधिकारिक बयान या भाषण में तालिबान को लेकर ऐसा कोई वक्तव्य नहीं मिला।
इसके बाद वायरल वीडियो के की-फ्रेम्स को Google Lens से सर्च किया गया, जिससे पता चला कि असली वीडियो 18 जनवरी 2026 को रक्षा मंत्री के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर अपलोड हुआ था। यह वीडियो नागपुर में मीडियम कैलिबर गोला-बारूद सुविधा के उद्घाटन समारोह का है।
असली वीडियो में 2 मिनट 6 सेकंड के बाद वही दृश्य दिखाई देता है, लेकिन वहां ऑडियो पूरी तरह अलग है। राजनाथ सिंह ने RSS का उल्लेख तो किया है, लेकिन तालिबान का कहीं भी जिक्र नहीं किया। वायरल वीडियो में होंठों के आसपास ब्लर, और आवाज़ का रोबोटिक होना साफ संकेत देता है कि इसमें AI का इस्तेमाल किया गया है।
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तकनीकी जांच में बफलो यूनिवर्सिटी के Deepfake-O-Meter के तीन डिटेक्टर्स ने वीडियो में AI मैनिपुलेशन की संभावना जताई। Truth Scan टूल ने ऑडियो के AI-जनरेटेड होने की संभावना 98 प्रतिशत बताई।
इसके अलावा ट्रस्टेड इन्फॉर्मेशन एलायंस (TIA) की डीपफेक्स एनालिसिस यूनिट और Hive AI डिटेक्टर ने भी वीडियो में कई जगह AI से छेड़छाड़ की पुष्टि की। साफ है कि सोशल मीडिया पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के वीडियो में AI जनरेटेड ऑडियो लगाया गया है।