Yami Gautam National Film Award: अपनी दमदार एक्टिंग से बॉलीवुड में लोहा मनवाने वाली एक्ट्रेस यामी गौतम के लिए आज का दिन बेहद खास साबित हुआ है। यामी गौतम का सालों पुराना सपना आज जाकर साकार हुआ है।
ब्लॉकबस्टर फिल्म आर्टिकल 370 में बेबाक अंदाज में एक्टिंग के लिए यामी गौतम को 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। इस गौरवान्वित लम्हे को महसूस करने के लिए यामी गौतम के पति और डायरेक्टर आदित्य धर भी अपनी पत्नी का हौसला बढ़ाते हुए नजर आएं।
72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार का ऐलान होने पर यामी गौतम काफी भावुक थी। उन्होंने इसको लेकर सोशल मीडिया पर एक स्पेशल पोस्ट भी शेयर किया था। जिसमें उन्होंने लिखा था कि हर सफ़र में एक ऐसा पल होता है जो आपको याद दिलाता है कि आपने कभी हार क्यों नहीं मानी। आज मेरे लिए वही पल है।
आर्टिकल 370 के लिए नेशनल अवॉर्ड मिलना मेरे लिए एक सम्मान की बात है जिसे मैं ज़िंदगी भर संभालकर रखूंगी। चौदह सालों से, मैंने बस अपने काम के प्रति सच्चे रहने, ईमानदारी से काम करने और अपनी परफॉर्मेंस को खुद बोलने देने की कोशिश की है। यह सम्मान उम्मीद, लगन, हिम्मत और सिनेमा के लिए अटूट प्यार से भरे सफ़र का नतीजा लगता है। यह एक सपना है जिसे मैंने सालों से अपने दिल में संजोया है और आज, मैं इसे बहुत शुक्रगुजार और विनम्रता के साथ स्वीकार करता हूं।
आर्टिकल 370 मेरे लिए कभी भी सिर्फ़ एक और फ़िल्म नहीं थी। यह एक ऐसी कहानी थी जिस पर मुझे गहरा विश्वास था। यह बात कि यह हमारा होम प्रोडक्शन था, इस पहचान को और भी इमोशनल और पर्सनल बनाती है। हर चुनौती, हर बातचीत और सेट पर हर दिन एक ही मकसद से चलता था, इस कहानी को ईमानदारी और पक्के यकीन के साथ बताना। इस शानदार पहचान के लिए माननीय जूरी का, हमारे दूरदर्शी डायरेक्टर का, हमारी शानदार कास्ट और क्रू का और दर्शकों के हर सदस्य का दिल से शुक्रिया जिन्होंने आर्टिकल 370 को इतने प्यार और विश्वास के साथ अपनाया। आपने हमें याद दिलाया कि मतलब वाली कहानियाँ हमेशा लोगों के दिलों तक पहुँचेंगी।
मेरे परिवार, मेरी टीम, मेरे शुभचिंतकों और हर उस व्यक्ति का जिन्होंने हर उतार-चढ़ाव में मुझ पर विश्वास किया, धन्यवाद। आपके विश्वास ने मुझे आगे बढ़ते रहने की ताकत दी, तब भी जब मंज़िल बहुत दूर लगती थी। यह अवॉर्ड किसी सपने का अंत नहीं है, यह एक बड़ी ज़िम्मेदारी की शुरुआत है। आगे बढ़ते रहना, रिस्क लेते रहना और ऐसी कहानियाँ सुनाते रहना जो मायने रखती हैं। सपने सच होते हैं लेकिन तभी जब जुनून हार नहीं मानता। यह हर उस सपने देखने वाले के लिए है जो अभी भी अपने पल का इंतज़ार कर रहा है।