TMC vs BJP Bengal Assembly Elections: पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के लिए जोरदार चुनावी प्रचार जारी है। सरकार और विपक्ष की ओर से लगातार चुनावी रैलियां की जा रही है। इस बीच महिला आरक्षण बिल गिर जाने पर पीएम मोदी के संबोधन पर विपक्ष ने आपत्ति जताई। विपक्ष ने पीएम मोदी के संबोधन को आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन बताया। विपक्ष के इन आरोपों को भाजपा नेता स्मृति ईरानी ने करारा जवाब दिया।
पश्चिम बंगाल चुनावों से पहले MCC के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए TMC द्वारा ECI में उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराने पर, पूर्व केंद्रीय मंत्री और BJP नेता स्मृति ईरानी ने कहा, "एक राजनीतिक संगठन के तौर पर सत्ता में आने पर हम प्रशासनिक रूप से मतदाताओं को जो ढांचा देंगे, उसके बारे में बताना हमारा राजनीतिक अधिकार है। यह नियमों के खिलाफ कैसे है? अगर TMC को अपनी जीत का इतना ही भरोसा है, तो वह इतनी डरी हुई क्यों है?"
TMC नेताओं द्वारा BJP को 'आदिवासी विरोधी' कहे जाने पर, पूर्व केंद्रीय मंत्री और BJP नेता स्मृति ईरानी ने विपक्ष पर हमला बोला। उन्होंने कहा, "BJP ने हमारे देश को आदिवासी समुदाय से पहली महिला राष्ट्रपति दी। BJP ने हर राजनीतिक संगठन से द्रौपदी मुर्मू के लिए सर्वसम्मति से वोट करने का अनुरोध किया था। तभी TMC ने विपक्ष के एक हिस्से के तौर पर उनके खिलाफ वोट किया।"
द्रौपदी मुर्मू का उदाहरण देते हुए स्मृति ईरानी ने कहा, " जब द्रौपदी मुर्मू, भारत की राष्ट्रपति के तौर पर बंगाल आईं, तो TMC ने न केवल उनका अपमान किया, बल्कि उन्हें वह संवैधानिक सम्मान भी नहीं दिया, जिसकी उनके पद को हकदार है। आज तृणमूल ही ऐसे आरोप लगा रही है।" AITC के राष्ट्रीय महासचिव और पार्टी सांसद अभिषेक बनर्जी के बयान पर उन्होंने पलटवार किया। उन्होंने पूछा "भारत के गृह मंत्री को किसने धमकी दी थी? मालदा में जजों को बंधक बनाने की कोशिश किसने की थी? क्या यह 'गुंडागर्दी' नहीं है? बंगाल में भारत की राष्ट्रपति का अपमान किसने किया था? भारत के प्रधानमंत्री को किसने अपशब्द कहे हैं? क्या यह राजनीतिक गुंडागर्दी की पहचान नहीं है?"
आपको बताते चलें, कि पश्चिम बंगाल की 294 विधानसभा सीटों पर दो चरणों में वोटिंग होगी। पहला चरण 23 अप्रैल को होगा, जिसमें 152 सीटों पर मतदान होगा। तो वहीं, दूसरा चरण 29 अप्रैल को होगा, जिसमें 142 सीटों पर वोटिंग होगी। वहीं, चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे।