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Share Market: शेयर बाजार में जुलाई में आएगी बड़ी तेजी, निफ्टी 24,750 तक पहुंचने का मजबूत अनुमान

Share Market July: शेयर बाजार में जुलाई के महीने में बड़ी तेजी आने की पूरी उम्मीद है। कच्चे तेल के गिरते दाम और स्थिर होते रुपये से निफ्टी 500 से 700 अंक की बड़ी छलांग लगा सकता है।

प्रिया सिंह

Share Market July Nifty Target: मई और जून महीने की भारी सुस्ती के बाद अब शेयर बाजार जुलाई में बहुत बड़ी रफ्तार पकड़ने को तैयार है। दलाल स्ट्रीट के सभी निवेशकों के लिए यह नया महीना बहुत बड़ी खुशखबरी और शानदार कमाई का एक बेहतरीन मौका लेकर आया है।

कच्चे तेल की लगातार गिरती कीमतें, स्थिर होता रुपया और कम होता वैश्विक तनाव बाजार के लिए एक बड़ा बूस्टर साबित हो रहे हैं। बाजार के तमाम जानकारों का भी यही मानना है कि इन सभी सकारात्मक संकेतों के बीच भारतीय बाजार अब एक नया रिकॉर्ड बनाएगा।

अगर पिछले दस सालों के ऐतिहासिक आंकड़ों को ध्यान से देखें तो पता चलता है कि यह महीना भारतीय इक्विटी बाजार के लिए बेहद शुभ रहा है। मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के सटीक आंकड़े बताते हैं कि पिछले एक दशक में जुलाई के दौरान शेयर बाजार ने कभी निवेशकों को निराश नहीं किया है।

निफ्टी और निफ्टी 500 इंडेक्स पिछले दस में से आठ बार इस महीने में काफी अच्छे और शानदार मुनाफे के साथ हरे निशान में बंद हुए हैं। इस पूरे दौरान निवेशकों को औसतन 3.1 प्रतिशत से लेकर 3.2 प्रतिशत तक का बहुत ही शानदार और मजबूत रिटर्न आसानी से हासिल हुआ है।

छोटे शेयरों का भी अच्छा हाल

सिर्फ बड़ी और नामी कंपनियां ही नहीं, बल्कि छोटे और मझोले शेयरों का भी इस महीने में बहुत ही शानदार और मजबूत हाल देखने को मिला है। ब्लूमबर्ग के आंकड़े साफ बताते हैं कि निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 250 ने भी पिछले दस में से आठ बार निवेशकों की झोली भरी है।

इन बेहतरीन आंकड़ों को देखकर छोटे निवेशक भी शेयर बाजार में अपना पैसा लगाने के लिए काफी ज्यादा उत्साहित और सकारात्मक नजर आ रहे हैं। इस बार भी मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में बहुत ही जोरदार उछाल और शानदार तेजी आने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है।

तेजी आने के प्रमुख कारण

आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज के वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्रीराम वेलायुधन के मुताबिक बाजार में तेजी आने के पीछे कई बहुत ही मजबूत और अहम कारण हैं। सबसे बड़ी वजह क्रूड ऑयल यानी कच्चे तेल की कीमतों में आई बहुत भारी गिरावट है जिससे भारतीय अर्थव्यवस्था को काफी बड़ी राहत मिलेगी।

महीने की शुरुआत में जो कच्चा तेल 95 डॉलर प्रति बैरल था, वह अब बहुत तेजी से गिरकर 74 डॉलर पर बिल्कुल आ गया है। यह लगातार तीसरा ऐसा महीना है जब क्रूड के दाम लगातार गिरे हैं और साथ ही विदेशी निवेशकों द्वारा शेयरों की बिकवाली भी घटी है।

वैश्विक तनाव में बड़ी कमी

बाजार को ऊपर ले जाने में एक और बहुत बड़ी वजह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव का काफी हद तक कम होना भी है। दोहा में चल रही अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता से वैश्विक स्तर पर युद्ध का गंभीर तनाव काफी ज्यादा कम होता दिख रहा है।

इसके अलावा देश में मानसून की बेहतर होती स्थिति भी घरेलू शेयर बाजार के लिए एक बहुत बड़ा और सकारात्मक बूस्टर पूरी तरह साबित हो सकती है। इन सभी अच्छे कारणों से बाजार में निवेशकों का भरोसा बहुत ज्यादा बढ़ा है और विदेशी निवेशक भी भारतीय बाजार में अब वापसी कर रहे हैं।

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निफ्टी का नया शानदार टारगेट

मोतीलाल ओसवाल के रिसर्च प्रमुख चंदन तापड़िया का अनुमान है कि अगर पुराने रुझान कायम रहे, तो निफ्टी 500 से 700 अंक की छलांग लगाएगा। उनका यह भी मानना है कि बेंचमार्क निफ्टी 50 मौजूदा स्तरों से करीब 2 से 3 प्रतिशत तक की बहुत बड़ी और अहम छलांग लगा सकता है।

चूंकि रुपया और क्रूड दोनों अब काफी स्थिर हो रहे हैं, ऐसे में बाजार में आने वाली किसी भी छोटी गिरावट को खरीदारी का मौका माना जाएगा। इससे निफ्टी को 24,500 से 24,750 के ऐतिहासिक दायरे की ओर बहुत ही तेजी से आगे बढ़ने का एकदम सीधा रास्ता मिल सकता है।

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