अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (सोर्स- सोशल मीडिया)
US Attack on Kharg Island: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खार्ग द्वीप पर और अधिक हमले की खुलकर धमकी दी है। उन्होंने कहा है कि अगर आवश्यकता पड़ी तो अमेरिका “मजे के लिए” उस तेल निर्यात केंद्र और अन्य महत्वपूर्ण ठिकानों पर और भी हमले कर सकता है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब शुक्रवार को ही अमेरिकी सेनाओं ने खार्ग द्वीप पर बड़े पैमाने पर बमबारी की थी।
खार्ग द्वीप ईरान का एक महत्वपूर्ण ऑयल एक्सपोर्ट हब होने के साथ-साथ सैन्य इन्फ्रास्ट्रक्चर का भी केंद्र है। शुक्रवार को हुए हमले में अमेरिका ने दावा किया था कि उसने ईरानी सैन्य ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाया है। ट्रंप ने यह भी कहा था कि उन्होंने जानबूझकर तेल से जुड़े अवसंरचना को निशाना नहीं बनाया ताकि वैश्विक तेल आपूर्ति को प्रभावित न किया जाए। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को सुरक्षित रूप से खोलने में ईरान असहयोग करता है तो वे तेल से जुड़ी सुविधाओं पर भी हमले कर सकते हैं।
NBC न्यूज के इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा, “हम शायद बस मजे के लिए कुछ और बार भी निशाना बना सकते हैं।” उन्होंने यह दावा दोहराया कि खार्ग द्वीप पर अमेरिकी सैन्य हमले ने ईरान की क्षमताओं को गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त कर दिया है, लेकिन ज़ोर देते हुए कहा कि यदि विवाद जारी रहा तो और हमले संभव हैं।
दूसरी ओर, ईरान ने भी कड़ी प्रतिक्रिया दी है। ईरानी सेना के सेंट्रल हेडक्वार्टर खातम अल-अनबिया के प्रवक्ता इब्राहिम जोल्फाघारी ने सरकारी समाचार एजेंसी IRNA से कहा कि अगर अमेरिका या उसके सहयोगी ईरानी तेल, ऊर्जा या आर्थिक ढांचों पर हमला करते हैं तो वे उन्हें “राख के ढेर” में बदल देंगे। उन्होंने कहा कि ईरान अपने हितों की रक्षा करने के लिए हर संभव कदम उठाएगा।
डोनाल्ड ट्रंप ने इंटरव्यू में यह भी दावा किया कि ईरान अब समझौते के लिए तैयार है, लेकिन वे खुद अभी शर्तों से संतुष्ट नहीं हैं और इसलिए कोई सीधी बातचीत या समझौता नहीं करना चाहते। उन्होंने शर्तों के बारे में विस्तार से नहीं बताया।
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पहले ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने स्पष्ट किया था कि ईरान केवल तभी संघर्ष रोकने को तैयार है जब उसकी तीन शर्तें पूरी तरह मान ली जाएं। उन्होंने कहा कि युद्ध को समाप्त करने का एकमात्र रास्ता यह है कि ईरान के कानूनी अधिकारों को मान्यता मिले, हर्जाना दिया जाए, और भविष्य में ऐसे हमलों से बचने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पक्की गारंटी दी जाए।
Ans: उन्होंने कहा कि अगर हर्मुज़ जलडमरूमध्य सुरक्षित नहीं खुलता, तो अमेरिका तेल और सैन्य इन्फ्रास्ट्रक्चर पर हमले कर सकता है।
Ans: ईरान ने चेतावनी दी कि अमेरिकी तेल, आर्थिक और ऊर्जा हितों को नष्ट कर दिया जाएगा, और उन्हें राख के ढेर में बदल दिया जाएगा।
Ans: ट्रंप के अनुसार ईरान समझौता चाहता है, लेकिन शर्तें अभी पर्याप्त नहीं हैं। ईरान ने भी तीन शर्तों पर ही सीजफायर मानने की बात कही है।