F-15 गिरने के बाद रेस्क्यू(Image- Social Media)
Iran-US War: अमेरिका ने ईरान में गिराए गए अपने लड़ाकू विमान के दो क्रू सदस्यों में से एक को बचा लिया है। यह घटना शुक्रवार को हुई, जब ईरान ने अमेरिकी F-15E लड़ाकू जेट को मार गिराया। इस विमान में दो सदस्यीय दल था। हमले के बाद दोनों पायलटों ने सुरक्षित रूप से कूदने में सफलता पाई, लेकिन वे ईरानी ज़मीन पर गिर गए। इसके बाद अमेरिकी बलों ने एक पायलट (US Pilot Rescued) को निकाल लिया। इस बात की पुष्टि अमेरिकी अधिकारियों ने सीबीएस न्यूज से की है। यह अमेरिका के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, क्योंकि ईरानी बल भी इन पायलटों को ढूंढने के लिए अभियान चला रहे थे।
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड ने दावा किया है कि उसने शुक्रवार को अमेरिकी लड़ाकू विमान को मार गिराया। ईरानी मीडिया में क्षतिग्रस्त जेट की तस्वीरें और वीडियो प्रसारित की गईं। कुछ समय तक अमेरिकी सेना इस घटना पर चुप रही, लेकिन बाद में सर्च ऑपरेशन (US Pilot Rescued) चलाए जाने की जानकारी दी गई। अंततः अमेरिका ने विमान गिरने की पुष्टि करते हुए एक क्रू सदस्य को बचा लिया।
अमेरिकी सेना ने रेस्क्यू ऑपरेशन के तहत F-15E के गिरने के बाद एक सी-130 विमान और दो ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टरों को दक्षिण-पश्चिम ईरान में उड़ते हुए देखा। इसे पायलटों को ढूंढने और बचाने के लिए किया गया ऑपरेशन माना गया। वहीं, ईरान के सरकारी टीवी ने घोषणा की कि जो भी अमेरिकी पायलट के बारे में जानकारी देगा, उसे पुरस्कार दिया जाएगा।
डोनाल्ड ट्रंप और मोजतबा खामेनेई, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
अमेरिकी F-15 जेट को ईरान के दक्षिणी हिस्से में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) ने निशाना बनाया। इसके बाद पायलट ने पैराशूट के जरिए ईरान की ज़मीन पर कूदने (US Pilot Rescued) में सफलता पाई। यह युद्ध की शुरुआत के बाद पहली बार है, जब अमेरिका का कोई विमान ईरान ने अपनी ज़मीन पर सफलतापूर्वक गिराया है।
इससे पहले, 2 मार्च को कुवैत के ऊपर तीन अमेरिकी F-15E स्ट्राइक ईगल विमान कथित तौर पर “फ्रेंडली फायर” के कारण गिर गए थे। इसके बाद ईरान ने कई अमेरिकी विमानों को नुकसान पहुंचाने का दावा किया है, जिसमें अमेरिका के ईंधन आपूर्ति विमानों को भी निशाना बनाने की बात कही गई है।
अमेरिका का F-15 जेट दुनिया के सबसे शक्तिशाली और घातक लड़ाकू विमानों में से एक माना जाता है। यह जेट मैक 2.5 (2800 किमी/घंटा) की गति से उड़ सकता है, जिससे यह दुश्मन के लक्ष्य को झपकते ही हिट करने में सक्षम है। ऐसे में इस जेट का गिरना अमेरिकी सेना की छवि के लिए एक बड़ा धक्का है।
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ईरान में 28 फरवरी से लगातार संघर्ष जारी है। यह युद्ध अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर हमले के बाद शुरू हुआ था। इस लड़ाई में ईरान का भारी नुकसान हुआ है, जिसमें अब तक दो हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, इजरायल में भी इमारतों और ढांचों को भारी नुकसान हुआ है।